AMT कार खरीदने की कर रहे हैं प्लानिंग? पहले जान लें इसके फायदे और नुकसान, कहीं लेने के बाद न पड़े पछताना

Share Now:

👇समाचार सुनने के लिए यहां क्लिक करें

हाइलाइट्स

ऑटोमैटिक कारों की कीमत ज्यादा होती है.
एएमटी कारों में खराबी आने पर इन्हें ठीक करवाना महंगा होता है.
हालांकि इनको ड्राइव करना काफी आसान होता है.

नई दिल्ली. दिनों दिन बढ़ते ट्रैफिक के चलते अब लोगों का मन मैनुअल कारों की तरफ ज्यादा बनता जा रहा है. हालांकि इनको खरीदने से पहले लोगों के मन में असमंजस जरूर रहता है कि इन को खरीदा जाए या नहीं. क्योंकि ऑटोमैटिक गियर शिफ्ट की कारों को लेकर कई तरह की बातें भी आपने लोगों और मैकेनिकों से सुनी होती हैं. लेकिन इन गाड़ियों का सच क्या है.

ऑटोमैटिक कारों को खरीदने के बारे में यदि आप सोच रहे हैं और ऐसा ही आपको भी कंफ्यूजन हो रहा है तो आज हम आपका ये असमंजस दूर कर देते हैं. आइये जानते हैं क्या है इन गाड़ियों की अच्छाई और क्या इनकी कमियां हैं.

यह भी पढ़ें: इसके लक्षण हैं SUV के, कीमत है Hatchback की! 8 लाख की गाड़ी पर पब्लिक है दीवानी

ऑटोमैटिक गाड़ियों के फायदे

  • ड्राइविंग आसानः ऑटोमैटिक कारों को ड्राइव करना आसान होता है. खासकर ट्रैफिक में. ऑटोमैटिक कारों में क्लच न होने और बारबार गियर बदलने का झंझट न होने के चलते थकान कम होती है और आसानी से इनको ड्राइव किया जा सकता है. इसमें ड्राइवर की मेहनत कम लगती है.
  • ज्‍यादा टॉपस्पीड और माइलेजः यदि ऑटोमैटिक कारों को सही तरीके से चलाया जाए तो ये मैनुअल कारों से ज्यादा माइलेज देती हैं. क्योंकि ये कारें सेंसर बेस्ड होती हैं और किस गियर पर कितना फ्यूल कंजंप्‍शन करना है ये इन्हें पता होता है.
  • सेफ होती हैं ऑटोमैटिक कारेंः ऑटोमैटिक ट्रांसमिशन की कारें मैनुअल के मुकाबले ज्‍यादा सेफ मानी जाती हैं क्योंकि गियर शिफ्ट को लेकर ड्राइवर का ध्यान डायवर्ट नहीं होता है और पूरा ध्यान गाड़ी ड्राइव करने पर ही होता है. ऐसे में इन कारों को सेफ माना जाता है. इसी के साथ ऑटो ट्रांसमिशन की कारों में गियर शिफ्ट ज्यादा स्मूथ होता है.

इन कारों के नुकसान

  • कीमत में ज्यादाः ऑटोमैटिक ट्रांसमिशन की कारें मैनुअल के मुकाबले ज्यादा महंगी होती हैं. इसी के साथ ऑटोमैटिक ट्रांसमिशन की कार में किसी भी तरह की गियर संबंधी प्रॉब्लम आने पर खर्च काफी ज्यादा होता है. उसे ठीक करवाना या बदलवाने का खर्च काफी महंगा पड़ता है और ये लाखों रुपये तक जा सकता है.

  • माइलेज कमः ज्यादातर ऑटोमैटिक कारों को चलाने वाले लोग इसमें गियर शिफ्ट के दौरान ज्यादा एक्सलरेशन देते हैं जिसके चलते ये कम माइलेज देती हैं. हालांकि ऑटोमैटिक कारों का माइलेज अच्छा होता है लेकिन इसे सही से न चलाने के कारण इनका माइलेज गिर जाता है.
  • परफॉर्मेंस की कमीः वैसे तो ऑटो ट्रांसमिशन की कारों का परफॉर्मेंस मैनु‌अल के मुकाबले काफी बेहतर होता है लेकिन कम सीसी या यानि कम पावर की कारों में ऑटो ट्रांसमिशन का परफॉर्मेंस मैनुअल के मुकाबले काफी कम हो जाता है.

Tags: Auto News, Car Bike News

Source link

Up Head Line
Author: Up Head Line

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

और पढ़ें