नई दिल्ली. अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान में ओपीडी में इलाज के लिए आने वाले मरीजों की सुविधा के लिए आयुष्मान भारत हेल्थ अकाउंट आधारित स्कैन एंड शेयर सुविधा सफलतापूवर्क शुरू कर दी गई है. इससे ओपीडी रजिस्ट्रेशन के लिए लगने वाली लाइनों से मरीजों को निजात भी मिल रही है. अभी तक अस्पताल में 73,700 आभा आधारित स्कैन एंड शेयर ओपीडी टोकन दिए जा चुके हैं.
एम्स के निदेशक डॉ. एम श्रीनिवास का कहना है कि मरीजों के इंतजार के समय को कम करने और अस्पताल में आने वाले मरीजों के रजिस्ट्रेशन प्रोसेस को एक दिशा में करने के लिए यह एक नायाब समाधान है. वहीं मीडिया सेल की इंचार्ज प्रोफसर रीमा दादा ने जानकारी देते हुए बताया कि मरीजों को अस्पताल में ओपीडी रजिस्ट्रेशन के लिए लंबी लाइनों में लगना पड़ता था और उनको ज्यादा इंतजार भी करना पड़ता था. हालांकि अब आभा आधारित स्कैन एंड शेयर सुविधा शुरू होने से मरीज बिना किसी परेशानी के अस्पताल में इलाज के लिए आ रहे हैं.
आभा अनुकूल निजी हेल्थ रिकॉर्ड एप्लिकेशन का इस्तेमाल कर मरीज आसानी से दिए गए क्यूआर कोड को स्कैन करा सकते हैं और तुरंत यूनिक टोकन नंबर हासिल कर सकते हैं. जब उनका टोकन डिस्प्ले हो तब मरीज सीधे काउंटर पर बिना वेटिंग लाइन के जा सकते हैं. इस तकनीक के माध्यम से एम्स नई दिल्ली मरीजों के लाभ के लिए डिजिटल समाधानों को तलाश रहा है.
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इस आभा आधारित स्कैन एंड शेयर आधारित सुविधा के लागू होने के सुखद परिणाम देखने को मिल रहे हैं. अभी तक 73 हजार 700 टोकन जारी करने के साथ ही दिल्ली एम्स पहला इंस्टीट्यूशन भी बन गया है. डॉ. श्रीनिवास कहते हैं कि यह तकनीक काफी प्रभावी है और इसके परिणाम भी सकारात्मक हैं. हमारा लक्ष्य अस्पताल में मरीजों के इलाज के अनुभव को लगातार बेहतर करना है. यह आभा आधारित स्कैन एंड शेयर सुविधा दिल्ली एम्स की इनोवेशन और सबसे अच्छी हेल्थकेयर डिलिवरी के वादे का परिणाम है.
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Tags: AIIMS, Aiims delhi
FIRST PUBLISHED : June 04, 2023, 15:55 IST








