
अर्पित बड़कुल/ दमोह: हमारे देश का राष्ट्रीय पक्षी मोर है. जिसे पालना भी अपराध माना जाता है. वन्य जीव संरक्षण अधिनियम की धारा 16 (सी) के तहत जंगली पक्षियों या सरीसृपों, उनके अंडों या उनके घोसलों को नुकसान पहुंचाना अपराध की श्रेणी में आता है. लेकिन बात जब प्रेम की आती तो है इंसान हो या फिर मूक पक्षी सभी प्यार की डोर में बंध जाते है.कुछ ऐसे ही एक जोड़ी से हम आपको रूबरू कराते हैं, जो कहने को तो अलग-अलग प्रजाति के पक्षी हैं लेकिन बंधे एक डोर में हैं. जी हां हम बात कर रहे है मध्यप्रदेश के दमोह जिले के तारादेही वनपरिक्षेत्र में स्थित गोहदर नर्सरी की जहां का वातारण शांत और मनोरम होने के चलते यहां अक्सर जंगल से होता हुआ एक मोर गोहदर नर्सरी में पहुंच कर विचरण करता हुआ दिखाई पड़ता है. जहां मौजूद मुर्गी और मोर की जोड़ी निरीक्षण करने पहुंचे अधिकारियों से लेकर पिकनिक मनाने आए स्कूली बच्चों के लिए आकर्षण का केंद्र बनी हुई है.
दोनों पक्षियों की जोड़ी लोगों को खूब रास आ रही है.यहां आने वाले हर कोई मयूरी संग फोटो लेने के लिए लायक है.इस जोड़ो की देखने आने वाले दर्शक मोर को प्यार से मयूरी कहकर पुकारते है.यह जोड़ी लोगो का ही नही बल्कि गोहदर नर्सरी में काम करने वाले सभी का भी दिल बहलाती है.
गोहदर नर्सरी प्रभारी सुपार्ष जैन ने बताया कि कुछ ही समय पहले शासन के आदेशानुसार इस नर्सरी की शुरुआत हुई जहां वर्तमान में 1 लाख से अधिक पौधे मौजूद है.नर्सरी के पास से ही जंगल लगा हुआ है. जिस कारण शायद पहले से ही इस मोर का यहां आना जाना लगा रहा होगा लेकिन अब यह मोर, मुर्गी के साथ बहुत खुश नजर आता है और करीब 6 से 7 महीनों से यही बस गया है. जिसकी जानकारी जिले से लेकर सागर तक के तमाम अधिकारियों को है. यहां का शांत वातावरण उसे बहुत रास आ रहा है.
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FIRST PUBLISHED : June 01, 2023, 21:03 IST








