हिंदी अकादमी, दिल्ली की बाल थिएटर कार्यशालाएं शुरू हो गई हैं. दिल्ली के विभिन्न 13 स्कूलों में ये कार्यशालाएं आयोजित की जा रही हैं. इनमें नाट्य जगत के चर्चित नाम बच्चों को रंगमंच से जुड़ी गतिविधियों के बारे में जानकारी देंगे और साथ में एक कहानी पर नाटक भी तैयार करेंगे और एक महीने की कड़ी मेहनत के बाद उन नाटकों का मंचन किया जाएगा.
हिंदी अकादमी, दिल्ली के सचिव संजय कुमार गर्ग ने बताया कि बच्चों में छिपी प्रतिभा को उजागर करने और उसे विकसित करने के उद्देश्य से थिएटर वर्कशॉप का आयोजन किया जाता है. उन्होंने कहा कि एक महीने के वर्कशॉप में बच्चे एक्टिंग के बारे में तो सीखते ही हैं साथ ही उनमें आपसी सहयोग की भावना भी विकसित होती है. बच्चों को अपने साहित्य और साहित्यकारों के बारे में जानने का मौका मिलता है.
हिंदी अकादमी के उप सचिव ऋषि कुमार शर्मा ने बताया कि हर वर्ष की तरह इस वर्ष भी हिंदी अकादमी बाल थिएटर वर्कशॉप का आयोजन कर रहा है. दिल्ली के अलग-अलग क्षेत्र के सरकारी स्कूलों में ये कार्यशालाएं आयोजित की जा रही हैं. प्रत्येक स्कूल में एक निर्देशक और एक सहायक निर्देशक के मार्गदर्शन में बच्चे एक्टिंग के हुनर सीखेंगे. इनके अतिरिक्त दो कॉर्डिनेटर भी तैनात किए गए हैं जो प्रत्येक वर्कशॉप में हो रही गतिविधियों पर नजर रखेंगे और उनकी समीक्षा करेंगे.
इन स्कूलों में हो रहा है थिएटर वर्कशॉप का आयोजन
ऋषि कुमार शर्मा ने बताया कि जिन स्कूलों में थिएटर वर्कशॉप का आयोजन हो रहा है उनमें आरके पुरम स्थित राजकीय सहशिक्षा उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, गौतमपुरी स्थित राजकीय प्रतिभा विकास विद्यालय, ग्रीन पार्क (चिराग दिल्ली) स्थित सर्वोदय कन्या विद्यालय, सुभाष नगर राजकीय कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, त्रिलोकपुरी स्थित राजकीय सर्वोदय बाल विद्यालय, बादली स्थित राजकीय बाल उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, पश्चिम विहार स्थित राजकीय सहशिक्षा उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, मानसरोवर पार्क, शाहदरा स्थित राजकीय सर्वोदय कन्या विद्यालय, नई दिल्ली स्थित सर्वोदय बाल विद्यालय राउज एवेन्यू, द्वारका स्थित राजकीय कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, पंडारा रोड स्थित सर्वोदय कन्या विद्यालय, कालका जी स्थित एसओएसई और शक्ति नगर स्थित सर्वोदय विद्यालय शामिल हैं.

थिएटर वर्कशॉप के कोर्डिनेटर राकेश शर्मा ने बताया कि इस तरह की वर्कशॉप के माध्यम से बच्चों के अंदर झिझक खत्म होती है. उन्होंने बताया कि नाटक के माध्यम से बच्चों के व्यक्तित्व में सर्वांगीण विकास होता है.

मानसरोवर पार्क, शाहदरा स्थित राजकीय सर्वोदय कन्या विद्यालय की वर्कशॉप की निर्देशक रति शर्मा ने बताया कि वर्कशॉप को लेकर बच्चों में गजब का उत्साह देखने को मिल रहा है. यहां आ रहे बच्चों में अलग-अलग विधा देखने को मिल रही है. कोई अच्छा गाता है तो कोई जबरदस्त एक्टिंग करता है. कोई कहानी सुनाने में माहिर है तो कोई किसी व्यक्ति की हू-ब-हू नकल कर सकता है.
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Tags: Literature, Literature and Art
FIRST PUBLISHED : May 23, 2023, 17:00 IST








