Crocodile gives Birth without mating Scientists found it after 5 years

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हाइलाइट्स

मगरमच्छ में पहली बार बिना नर की मदद से मादा ने अंडा दिया था.
इस तरह की घटनाएं कुछ सांपों, पक्षी और मछलियों में देखने को मिलती है.
हैरानी की बात ये है कि वैज्ञानिकों को पांच सालों के बाद इसका पता चला.

दुनिया में एकल अविभावक देखने को मिलने लगे हैं. खुद भारत में ऐसे लोग देखने को मिल जाएंगे जो किसी बच्चे के जैविक पिता हैं. इसके लिए वे सेरोगैसी और आईवीएफ तकनीक के जरिए सिंगल पैरेंट बन पा रहे हैं. लेकिन क्या ऐसा हो सकता है कि कोई उभयलिंगी अकेला ही प्रजनन प्रक्रिया पूरी कर सके. हाल ही में वैज्ञानिकों ने ऐसा मामला खोजा है. एक मादा अमेरिकी मगरमच्छ ने 5 साल पहले अंडे दिए थे और जिसमें से एक अंडा बहुत अलग ही तरह का था. विश्लेषण करने पर वैज्ञानिकों को हैरानी यह जानकर हुई कि उस मादा मगरमच्छ ने बिना नर की मदद से एक बच्चों को जन्म दिया है.

मगरमच्छों में इस तरह का पहला मामला
क्रोकोडायलस एक्यूटस प्रजाति की इस मादा अमेरिकी मगरमच्छ ने 2018 में कुछ अंडे दिए थे.  इन्हीं मे से एक अलग ही दिखने वाले भ्रूण का अंडा था जिसके विश्लेषण में वैज्ञानिकों ने पाया कि यह वर्जिन प्रजनन का मामला है यानि बिना नर की मदद से ही अंडा पैदा हो गया. यह मगरमच्छों में अकेला ही पैरेंथोजेनेसिसि का मामला है.

ऐसे अंडे या बच्चे में मां की ही अनुवांशिकी
बायोलॉजी जर्नल लैटर्स मं प्रकाशित अध्ययन में टीम ने इस मामले की विस्तार  से पड़ताल की और उनके शोध से खुलासा हुआ कि इस तरहके बच्चे या अंडे में केवल उसकी मां की ही अनुवांशिकी देखने को मिलती है. इस तरह की प्रक्रिया पहले भी किंग कोबरा, सॉफिश, कैलिफोर्निया कॉन्डोर्स जैसे जीवों में पहले देखी जा चुकी है

कैसे बनते हैं ऐसे अंडे
वर्जिन प्रजनन के ऐसे मामले तब होते हैं जब कोई अंडा बिना किसी शुक्राणु के ही निषेचित हो जाए और एक संपूर्ण भ्रूण में विकसित हो जाए. इस प्रक्रिया में अंडे के खुद को जैनेटिक पदार्थों की सक्रियता की भूमिका होती है. इसके बाद कोशिका विभाजन और फिर भ्रूण का विकास होता होगा.  इसके नतीजे में जो बच्चा बनता है.

मां से कितना अलग
इस प्रक्रिया का नतीजा यह होता है कि जो बच्चा होता है वह अनुवांशिकी तौर पर अपनी मां के जैसा ही या बहुत ही ज्यादा मिलता जुलता होता है, क्योंकि उन्हें अपना सारा अनुवांशिकी पदार्थ अपनी मां से ही मिला हुआ होता है. वैज्ञानिकों को अनुवांशकीय पदार्थ के विश्लेषण के बाद पता चला कि बच्चे के क्रोमोजोम मां के क्रोमोजोम पर केवल शीर्ष पर हीअंतर थ  जहां मां के डीएनए में कुछ बदलाव हो गया था. जिसकी वजह से निर्माण के दौरान होने वाली गड़बड़ीयां ही थीं.

Tags: Animals, Crocodile, Environment, Research

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Up Head Line
Author: Up Head Line

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