OMG! पानी से निकलकर चुपके से खेत में आ गया मगरमच्छ, किसान के इस भयानक रूप को देख दुम दबाकर भगा

Share Now:

👇समाचार सुनने के लिए यहां क्लिक करें


आशीष कुमार/पश्चिम चम्पारण. कहा जाता है कि मगरमच्छ के जबड़ों से बच पाना असम्भव होता है. मगरमच्छ ने जबड़ों में एक बार दबोच लिया, तो फिर कुछ ही पल में खेल खत्म. पश्चिम चंपारण जिले से एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसने इस कहावत को झूठा साबित कर दिया है. दरअसल, बगहा में खेत में पटवन कर रहे एक किसान पर अचानक मगरमच्छ ने हमला बोल दिया.

हमले में किसान बुरी तरह से जख्मी हो गया. हालांकि घायल होने के बावजूद हिम्मत दिखाते हुए वह मगरमच्छ से भिड़ गया. कुदाल की बेंत से उसने मगरमच्छ पर हमला कर दिया. इनके बाद मगरमच्छ उसे छोड़ कर भाग गया. फिलहाल घायल किसान जीएमसीएच में भर्ती है, जहां उसकी हालत खतरे से बाहर है.

सिंचाई करते समय मगरमच्छ ने किया हमला
यह पूरा मामला बगहा-2 प्रखंड के नरवल बरवल पंचायत के पोखर भिंडा सरेह का है, जहां खेत में सिंचाई कर रहे 50 वर्षीय किसान गोबरी बिंद पर दैत्याकार मगरमच्छ ने हमला कर दिया. बावजूद किसान ने हार नहीं मानते हुए मगरमच्छ पर कुदाल से वार करते हुए खुद को उसके चंगुल से बाहर निकाला. मगरमच्छ के कटे जाने के बाद गोबरी की हालत गंभीर थी. आनन-फानन में उन्हें बगहा अनुमंडलीय अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां से डॉक्टरों ने उन्हें बेतिया जीएमसीएच रेफर कर दिया. फिलहाल गोबरी का इलाज वहीं चल रहा है.

पइन में से निकला था मगरमच्छ
किसान गोबरी के पुत्र ने बताया कि उनके पिता पइन के जरिए अपनी खेत में सिंचाई कर रहे थे. इसी दौरान मगरमच्छ ने उनपर हमला कर दिया. गौर करने वाली बात यह है कि इसी पइन से निकलकर मगरमच्छ खेत में पहुंच गया. यहां समझने वाली बात यह है कि गंडक नदी मगरमच्छों के लिए एक बड़ा अधिवास है. यहां से निकलकर ये उभयचर सहायक नदियों में आ जाते हैं और फिर यहां से खेतों में पहुंच जाते हैं. बता दें कि इसके पहले भी कई बार बगहा में मगरमच्छ द्वारा इंसानों पर ऐसे हमले किए जा चुके हैं.

.

FIRST PUBLISHED : June 03, 2023, 20:10 IST

Source link

Up Head Line
Author: Up Head Line

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

और पढ़ें