जोधपुर का यह शख्स लोगों को सीखा रहा सीपीआर तकनीक, अब तक 4 लाख लोगों को दे चुके प्रशिक्षण

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पुनीत माथुर/ जोधपुर. उस बुजुर्ग ने अपने बेटे को खो दिया और वो भी जवानी में उसके बाद एक ऐसा अभियान शुरू कर दिया जिसके बाद कई लोगों की जान तो बची है साथ ही साथ कार्डिक अरेस्ट को लेकर जागरूकता भी आई है. चलिए आपको मिलाते हैं जोधपुर के प्रोफेसर डॉ राजेंद्र तातेड से जिन्होंने एक अभियान शुरू किया है जिसके जरिए वे लोगों को सीपीआर सीखा रहें है.

कभी बंद हॉल में तो कभी पेड़ की छांव में तो कभी खुले मैदान में महिलाओं युवाओं पुलिस और अर्धसैनिक बलों के जवानों को डॉ राजेंद्र तातेड सीपीआर सिखाते हैं और लोगों को सीपीआर का महत्व बताते हैं. उन्हें बताते हैं कि कैसे एक समय सीमा के भीतर सीपीआर दिया जाए और वह भी सही तरीके से ताकि विकट परिस्थितियों में जीवन को बचाया जा सके. तातेड बताते हैं कि सीपीआर कोई नया तरीका नहीं है. यह एक पुराना और प्रभावी तरीका है.

तातेड बताते हैं कि मैंने अपने बेटे को खोया उसके बाद किसी के साथ ऐसी घटना ना हो इसी को लेकर आमजन को सीपीआर सिखाने के लिए यह मुहिम शुरू की है. तातेड ने बताया कि उन्होंने अपने 37 साल के बेटे शैलेश को कार्डियक अरेस्ट के बाद खो दिया कई दिनों तक वे मायूस बैठे रहे और उनके छोटे बेटे डॉ अभिषेक ने लोगों को बचाने के लिए सीपीआर तकनीक सिखाने का अभियान शुरू करने के लिए कहा उसके बाद तातेड ने पीछे मुड़कर नहीं देखा और अब तक 4 लाख से अधिक लोगों को सीपीआर देने की तकनीक सिखा चुके हैं.

4 लाख लोगों को सीखा चुके हैं सीपीआर
आमतौर पर तातेड़ 35 से 40 प्रतिभागियों के समूह को 60 मिनट के प्रशिक्षण सत्र में आयोजित करते हैं. सत्र में हार्ड पेन और सीवियर पैन के बीच के अंतर को बताते हुए सत्र शुरू करते है. वायु सेना अस्पताल एयरपोर्ट बीएसएफ सीआरपीएफ स्कूलों में भी प्रशिक्षण सत्र का आयोजन किया जाता है. अब तक तातेड़ 4 लाख लोगों को सीपीआर सीखा चुके है. तातेड़ बताते है कि शुरुआत में लोग सीपीआर के महत्व को नहीं समझते थे लेकिन जैसे-जैसे उन्होंने ऑडियो वीडियो विजुअल्स के जरिए लोगों को बताया कि किस तरीके से सीपीआर दी जाती है उसके बाद लोग जागरूक हुए हैं.

क्या है सीपीआर
सीपीआर देने के दौरान अपने दोनों हाथों की मदद से 1 मिनट में 100 से 120 बार छाती को बीच में जोर से और तेजी से दबाया जाता है हर एक दबाव के दौरान छाती को वापस अपनी सामान्य स्थिति में आने दे सीपीआर की फुल फॉर्म कार्डियो पल्मोनरी रिससिटेशन है.

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FIRST PUBLISHED : May 29, 2023, 21:29 IST

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Up Head Line
Author: Up Head Line

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