फर्जी जीएसटी धारक हो जाएं सावधान! पकड़े जानें पर जा सकते हैं जेल, व्यापारी बरतें यह सावधानी 

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विक्रम कुमार झा/पूर्णिया. डिजिटल जमाने में फर्जीवाड़े के कई मामले रोज देखने को मिलते हैं. सरकार के साथ भी लोग कई तरह से फर्जीवाड़ा कर लेते हैं. लेकिन अब सरकार भी फर्जीवाड़े पर नकेल कसने के लिए पूरी तरह तैयार से है. इसको लेकर मेघा ड्राइव चलाकर जीएसटी धारकों का जीएसटी से संबंधित हर तरह के कागजातों की विशेष रूप से जांच कर निर्णय लेंगे. राज्य कर आयुक्त के पदाधिकारी शंकर शर्मा ने कहा की सर्वे किया जा रहा है. गलत करने वालों पर कार्रवाई होगी.


ये विशेष अभियान की क्यों जरुरत पड़ी
CA फाइनलिस्ट अमेय ने बताया कुछ मामलों में GST पंजीकरण प्राप्त करने के लिए जाली दस्तावेज, जैसे जाली बिजली के बिल, प्रॉपर्टी टैक्स की रसीद, रेंट एग्रीमेंट आदि को व्यवसाय का मुख्य स्थान के सबूत के तौर पर इस्तेमाल किया जा रहा है. ऐसे ही एक मामले में हाल ही में गुजरात राज्य कर अधिकारियों द्वारा यह पाया गया है कि कुछ जालसाजों ने नकली जीएसटी पंजीकरण प्राप्त किया है.

आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के व्यक्तियों के पैन और आधार संख्या के आधार पर उनकी जानकारी के बिनायह पता चला था कि आधार कार्ड पर फोन नंबर इन लोगों को फर्जी तरीके से नजदीकी आधार सेवा केंद्र में बदलवाया गया. इन लोगों को उक्त आधार सेवा केंद्र में ले जाकर एक सरकारी योजना की आड़ में नाम मात्र की नकद राशि देकर और उनके अंगूठे के निशान का उपयोग करके उनके आधार कार्ड को एक डमी मोबाइल नंबर से लिंक करवाया गया.

क्या कहते हैं पदाधिकारी
राज्य कर आयुक्त के पदाधिकारी शंकर शर्मा ने कहा जीएसटी के संबंधित विभागीय अधिकारी के द्वारा सर्वे किया जाएगा. संदिग्ध नकली, जीएसटी, आईएस एवं रजिस्टर के दौरान सलंगन कागजात की भी विशेष पता लगाने के लिए और उनका सत्यापन कर जांच पड़ताल के लिए जीएसटी के संबंधित अधिकारी मेगा ड्राइव में पहुंचकर जीएसटी धारकों का जीएसटी जांच करेंगे.

आपके शहर से (पूर्णिया)

इस दौरान अगर सत्यापन के समय या जांच के दौरान किसी भी जीएसटी धारकों का जीएसटी से संबंधित किसी भी तरह का कोई अवैध पाने पर जांच पड़ताल कर कार्रवाई की जायेगी. वैसे जीएसटी धारक के ऊपर कार्रवाई करते हुए हुए बड़े पैमाने के साथ गिरफ्तार भी हो सकते हैं.

उन्होंने कहा मेगाा ड्राइव के दौरान जीएसटी के संबंधित अधिकारियों के द्वारा सभी जीएसटी धारकों का जीएसटी रजिस्ट्रेशन कराने के दौरान संलग्न कागजों की भी जांच की जाएगी. जीएसटी रजिस्ट्रेशन कराने वाले लोगों का व्यवसाय का स्थल वव्यर्थ प्रतिष्ठन का नाम के साथ जीएसटी नंबर सहितलेनदेन एवं अन्य पहलुओं पर भी विशेष जांच की जाएगी.

व्यवसायी बरतें यह कुछ सावधानियां
वहीं इस पर सीए फाइनलिस्ट अमेय श्रेष्ठ ने बताया की प्रत्येक पंजीकृत व्यक्ति अपने GST पंजीकरण के प्रमाण पत्र को अपने व्यवसाय के प्रमुख स्थान पर लगाएं. व्यवसाय के स्थान पर प्रदर्शित नाम बोर्ड पर अपना GST पहचान संख्या लिखें करें,कम्पोजीशन करदाता व्यवसाय के प्रत्येक अतिरिक्त स्थान के साथ व्यवसाय के मुख्य स्थान पर साइन बोर्ड पर कम्पोजीशन टैक्सेबल पर्सन शब्दों का उल्लेख करें.

कम्पोजीशन करदाता को अपने व्यावसायिक नाम बोर्ड पर अपने जीएसटीआईएन के साथ कम्पोजीशन टैक्सेबल पर्सन शब्दों को निर्दिष्ट करना होगा. बिल ऑफ़ सप्लाई जारी करना आवश्यक है और इसमें कम्पोजीशन करदाता आपूर्ति पर कर एकत्र करने के योग्य नहीं’ शब्द शामिल होने चाहिए.

बिल आफ सप्लाई बिना किसी आईजीएसटी, सीजीएसटी, एसजीएसटी के जारी किया जाना चाहिए. पंजीकृत व्यक्ति को सीजीएसटी अधिनियम और सीजीएसटी नियमों द्वारा निर्धारित खातों और रिकॉर्ड कोबनाए रखने की भी आवश्यकता होती है. प्रत्येक पंजीकृत व्यक्ति को सीजीएसटी अधिनियम और सीजीएसटी नियमों द्वारा निर्धारित खातों और रिकॉर्ड को व्यापार के प्रमुख स्थान पर रखना अनिवार्य है.

पंजीकरण के प्रमाण पत्र में उल्लिखित व्यवसाय के अतिरिक्त स्थान से संबंधित खाते की किताबें रखना अनिवार्य है. यह ध्यान देने योग्य बात है कि खातों की पुस्तकों में किसी भी इलेक्ट्रॉनिक उपकरण पर संग्रहीत डेटा का कोई भी इलेक्ट्रॉनिक रूप शामिल होगा.

Tags: Bihar News in hindi, Purnia news

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Author: Up Head Line

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