
सच्चिदानन्द/पटना. 13 से 17 मई तक बागेश्वर धाम वाले धीरेंद्र शास्त्री हनुमंत कथा कहने वाले हैं. इसको लेकर सभी तरह की तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा रहा है. 600 फीट लंबाई और 100 फीट चौड़ाई वाला 3 जर्मन पांडालबनकर तैयार हो गया है. तो वहीं 3 स्तरीय मुख्य मंच को भी अंतिम रूप दिया जा रहा है. इसके लिए दिन-रात काम चल रहा है. 150 से ज्यादा कारीगर इस काम में लगे हुए हैं.
कल 12 मई से कलश यात्रा के साथ इस कथा की शुरुआत हो रही है. आयोजकों ने बताया कि यह हनुमंत कथा सभी धर्मों के लोगो की भागीदारी से हो रहा है. मंच से लेकर पांडालतक बनाने वाले कारीगर हिंदू भी हैं और मुसलमान भी.
3 लाख वर्ग फीट में है पंडाल
नौबतपुर के तरेत पाली मठ में तीन लाख वर्गफीट में पांडालबनाया जा रहा है, जो लगभग पूरा हो चुका है. जर्मन तकनीक से पांडाल बनाने वाले कारीगर बताते हैं कि इस पांडालकी सबसे बड़ी खासियत यह है कि आंधी, तूफान, बरसात या फिर भीषण गर्मी हो, फिर भी कथा में कोई रूकावट नहीं आएगी. पूरे पांडालको इसी आधार पर डिजाइन किया गया है. साथ ही 600 फीट लंबाई और 100 फीट चौड़ाई वाले तीन पांडालमें लगभग 3 लाख लोग रोज बैठकर कथा सुन सकते हैं.
कारीगर विक्की कुमार बताते हैं कि हम सभी रांची से खास कर पांडालबनाने के लिए आए हुए हैं. हमारी टीम में हिंदू-मुसलमान दोनों समुदाय के वर्कर हैं.सभी मिलकर काम कर रहे हैं. किसी प्रकार की कोई दिक्कत नहीं है.
तीन लेयर में है मुख्य मंच
जिस मंच पर बैठकर धीरेंद्र शास्त्री कथा कहने वाले हैं उसका भी निर्माण अंतिम चरम में है. गया जिले के कारीगर इसका निर्माण कर रहे हैं. कारीगर बताते हैं कि इस स्टेज की लंबाई 80 फीट है, तो वहीं चौड़ाई 76 फीट है. तीन लेयर में इसे बनाया जा रहा है. पहले लेयर की ऊंचाई 6 फीट, दूसरे लेयर की उंचाई 4 फीट और तीसरे की ऊंचाई 2 फीट है.
150 कारीगर कर रहे काम
मंच और पंडाल बनाने में 150 कारीगर काम में लगे हुए हैं. आपको बता दें कि पांडालसमेत पूरे कथा के लिए तरेत पाली मठ और ग्रामीणों ने अपनी जमीन दी है, ताकि कथा अच्छे से संपूर्ण हो सके. बागेश्वर धाम वाले धीरेंद्र शास्त्री पटना के नौबतपुर थाना अंतर्गत तरेत पाली मठ में हनुमंत कथा कहने वाले हैं. 12 मई कलश यात्रा के साथ हनुमंत कथा का शुभारंभ होगा और 15 मई को दिव्य दरबार लगाया जाएगा.
ब्रेकिंग न्यूज़ हिंदी में सबसे पहले पढ़ें News18 हिंदी| आज की ताजा खबर, लाइव न्यूज अपडेट, पढ़ें सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट News18 हिंदी|
FIRST PUBLISHED : May 11, 2023, 21:49 IST








