
आशीष कुमार/पश्चिम चम्पारण. बिजली के प्रीपेड मीटर को लेकर अधिकांशतः लोगों में यह भ्रांति फैली है कि यह मीटर बिजली के कंजप्शन से ज्यादा रिचार्ज की डिमांड करता है. या फिर यूं कहें कि प्रीपेड मीटर में रिचार्ज की राशि के बराबर आप बिजली का कंजनप्शन नहीं कर पाते हैं, क्योंकि रिचार्ज तुरंत खत्म हो जाता है. लेकिन क्या आपको पता है कि वास्तव में ऐसा कुछ भी नहीं है. दरअसल, प्रीपेड मीटर में आप जितने का रिचार्ज करते हैं, आपको एक्जैक्ट उतनी ही बिजली मिलती है. जरूरत है कुछ बेसिक चीजों पर ध्यान देने की जिसकी वजह से ऐसी भ्रांतियां फैलती हैं.
ऐसे करें प्रेपेड मीटर की जांच
प्रीपेड मीटर से रिचार्ज के जल्द खत्म हो जाने की भ्रांति पर कार्यपालक अभियंता मनीष ने बताया कि वास्तव में ऐसा कुछ भी नहीं है. लोगों के मन में प्रीपेड मीटर को लेकर जो धारणा बैठी है कि इसमें रिचार्ज, उपयोग से पहले ही खत्म हो जा रहा है, यह पूरी तरह से गलत है. इसकी जांच हर एक व्यक्ति बड़ी ही आसानी से कर सकता है.
वे कहते हैं कि जांच के लिए आप बाजार से एक सस्ता मीटर खरीद लें. इसे प्रीपेड मीटर के ठीक बगल में फीट कर दें. सप्ताह दिन, 10 दिन या फिर महीने दिन तक दोनों को ट्रैक करते रहें. शुरू से लेकर अंत तक आप पाएंगे कि दोनों में यूनिट बराबर है. बकौल मनीष ऐसा बिलकुल भी नहीं होगा कि प्रीपेड मीटर में यूनिट ज्यादा है तथा सामान्य मीटर में कम. ऐसा कर आप एक प्रमाणित तरीके से प्रीपेड मीटर को लेकर फैली भ्रांति से बाहर निकल सकते हैं.
इन कारणों से जल्द खत्म होता है रिचार्ज
कार्यपालक अभियंता मनीष ने बताया कि कुछ मामलों में ऐसा होता है कि उपभोक्ता साधारण मीटर को हटा कर प्रीपेड मीटर लगवाते हैं. लेकिन बिजली का बिल पहले से बकाया होता है. चुकी प्रीपेड मीटर पूरी तरह से कंप्यूटराइज्ड होता है, इसलिए रिचार्ज के बाद वो बकाए राशि को 300 दिनों में खुद से ही काट लेता है. ऐसे में रिचार्ज की गई राशि से वर्तमान के अतिरिक्त बकाए बिजली बिल का भी भुगतान होता रहता है.
इसके अलावा तय यूनिट से अत्यधिक बिजली की लगातार खपत से यूनिट के चार्ज का स्लैब बढ़कर, बढ़े हुए नए स्लैब पर निर्धारित हो जाता है. जिससे तय यूनिट के चार्ज में स्वतः बढ़ोतरी हो जाती है. चुकी इसकी जानकारी उपभोक्ता को नहीं होती है, इसलिए उन्हें ऐसा लगता है कि प्रीपेड मीटर में रिचार्ज, उपयोग से पहले ही खत्म हो जाता है.
ब्रेकिंग न्यूज़ हिंदी में सबसे पहले पढ़ें News18 हिंदी| आज की ताजा खबर, लाइव न्यूज अपडेट, पढ़ें सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट News18 हिंदी|
FIRST PUBLISHED : May 05, 2023, 18:43 IST








