
आशीष कुमार/पश्चिम चम्पारण : चिराग तले अंधेरा वाली कहावत तो आपने खूब सुनी होगी. ऐसा ही कुछ पश्चिम चम्पारण जिले के चनपटिया ब्लॉक में पिछले कुछ दिनों से देखने को मिल रहा है. दरअसल, इन दिनों पड़ रही भीषण गर्मी से आदमी क्या, पशु-पक्षी तक हलकान हैं. दिन ब दिन तापमान इस कदर बढ़ता चला जा रहा है, मानों सब कुछ जल कर राख हो जाएगा.
गर्मी का असर इतना प्रचंड है कि भू-जल का स्तर भी कई मीटर तक नीचे चला गया है. लेकिन दुख इस बात का है कि चनपटिया ब्लॉक कैम्पस में शुद्ध पानी की कोई कदर नहीं है. नल टूट चुका है और हर दिन हजारों लीटर पानी बह जा रहा है. बावजूद, इस पर आम लोग तो दूर अधिकारी तक की नजर नहीं जा रही है.
चनपटिया ब्लॉक का है मामला
पश्चिम चम्पारण जिले के चनपटिया ब्लॉक में पिछले कुछ दिनों से पानी का तीन नल क्षतिग्रस्त है. सामने ही प्रखंड स्तरीय सभी पदाधिकारियों का कार्यालय है, लेकिन किसी की नजर नहीं जा रही है. इस कारणहर दिन टूटे नलसे हजारों लीटर पानी बह जा रहा है. लेकिन दुख इस बात का है कि उसे ठीक कराने की जवाबदेही कोई नहीं ले रहा है.
टूटे नलके दिनभर चलते रहते
ब्लॉक में बीडीओ से लेकर, अंचलाधिकारी एवं अन्य कई अधिकारी हर दिन आते हैं, लेकिन अब तक उन टूटे नलकों की मरम्मती किसी ने भी नहीं कराई है. जब हमने इसकी मरम्मती के लिए अधिकारियों के कार्यालय का रुख किया, तो पाया कि कोई भी अधिकारी अपने चैंबर में मौजूद नहीं थे. कुछ छोटे तबके के अधिकारी ब्लॉक में मौजूद थे, लेकिन वे इस पर बात करने को तैयार नहीं थे. उनका कहना था कि इसपर हम कुछ नहीं कर सकते हैं. साहेब आएंगे तो देखेंगे.
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FIRST PUBLISHED : June 04, 2023, 17:33 IST








