
कासिम खान/नूंह.बाल विवाह एक कुप्रथा है. जो आज भी हमारे समाज में मौजूद है. हैरानी की बात है कि लोग इतना पढ़-लिख जाने के बावजूद भी बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ करते हैं. हालांकि सरकार और प्रशासन द्वारा समय- समय पर बाल अधिकारों के लिए जागरूकता अभियान चलाए जा रहे हैं. इसके बावजूद कुछ लोग नाबालिगों के विवाह कर रहे हैं. हरियाणा के नूंह जिले में प्रशासन ने कार्रवाई करते हुए एक नाबालिग लड़की व लड़के की शादी को रोका. बारात पुन्हाना मंडल के एक गांव में जानी थी, लेकिन इससे पहले ही बाल विवाह निषेध अधिकारी की टीम हरकत में आ गई.छानबीन में लड़का व लड़की दोनों ही नाबालिग मिले.
जांच में सामने आया कि लड़की की उम्र करीब 16 साल है.महिला संरक्षण एवं बाल विवाह निषेध अधिकारी मधु जैन ने बताया कि उन्हें डायल 112 से सूचना मिली थी कि नगीना कस्बे में एक नाबालिग की शादी कराई जा रही है. इस सूचना के आधार पर मौके पर जाकर टीम ने लड़की के जन्म प्रमाण पत्र की जांच की.जिसमें पाया गया कि लड़की की उम्र कम है. शादी गैरकानूनी तरीके से कराई जा रही है.
परिवारवालों से लिया गया हलफनामा
उक्त नाबालिग की बारात नूंह जिले के एक गांव से आनी थी. लेकिन इससे पहले ही बाल विवाह निषेध अधिकारी की टीम हरकत में आ गई. उनकी टीम ने नाबालिग लड़के के घर पहुंचकर शादी को रुकवा दिया. इसके बाद नाबालिग बच्चों के परिजनों को समझाया और उनको बताया कि बाल विवाह कानूनन अपराध है. ऐसा करने पर प्रशासन द्वारा कार्रवाई की जाएगी. टीम ने पुलिस के सहयोग से बाल विवाह को रोक दिया. उनकी टीम ने परिजनों से हलफनामा भी लिया है.
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FIRST PUBLISHED : May 21, 2023, 13:40 IST








