कौशाम्बी
पंकज कुमार केशरवानी के मकान का मामला, 20 मकानों के गलत जगह बने होने का दावा
कौशाम्बी। मंझनपुर में निर्माणाधीन मकान को गिराने के लिए नगर पालिका और तहसील प्रशासन की टीम जेसीबी लेकर पहुंची। टीम में एसडीएम, नायब तहसीलदार, नगर पालिका के ईओ, लेखपाल, कानूनगो और मंझनपुर पुलिस शामिल रही। प्रशासन ने मकान मालिक पंकज कुमार केशरवानी को 48 घंटे के भीतर खुद मकान गिराने का अल्टीमेटम दिया है। ऐसा नहीं करने पर मुकदमा दर्ज कराने और प्रशासन द्वारा मकान गिराने की बात कही गई है।
पंकज कुमार केशरवानी के मुताबिक, वर्ष 2015 में उन्होंने एक बीघा दो बिस्वा जमीन का बैनामा कराया था। इसके बाद 14 अगस्त 2025 को धारा 80 की प्रक्रिया पूरी कराई गई और उसी दिन नक्शा भी पास कराया गया।

पंकज का कहना है कि करीब एक सप्ताह पहले लेखपाल प्रदीप सिंह पटेल मौके पर पहुंचे थे। उन्होंने मकान को गलत जगह बना होने की बात कहते हुए निर्माण कार्य रुकवाने को कहा था। पंकज के मुताबिक, लेखपाल से दोबारा मुलाकात करने पर उन्हें निर्माण कराने की बात कही गई थी।
पंकज का दावा है कि क्षेत्र में करीब 20 मकान गलत जगह बने हुए बताए जा रहे हैं। पहले उनके मकान को गिराने और बाद में अन्य मकान मालिकों को नोटिस देकर कार्रवाई करने की बात कही गई थी।
बिना नोटिस कार्रवाई को लेकर उठे सवाल

पंकज के अनुसार, शनिवार को प्रशासनिक टीम बिना पूर्व नोटिस दिए जेसीबी लेकर निर्माणाधीन मकान गिराने पहुंची। टीम ने 48 घंटे के भीतर खुद मकान गिराने का निर्देश दिया। ऐसा नहीं करने पर मुकदमा दर्ज कराने और प्रशासन की ओर से मकान गिराने की चेतावनी दी गई।
अब इस मामले में सवाल उठ रहा है कि जब पंकज का दावा है कि उन्होंने बैनामा कराया था और धारा 80 व नक्शे की प्रक्रिया पूरी की थी, तो निर्माण को गलत ठहराने का आधार क्या है? वहीं, प्रशासन की ओर से कार्रवाई का आधिकारिक पक्ष सामने आने के बाद ही पूरे मामले की स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।








