कौशाम्बी-
आज केपीएस भरवारी में रिद्धि सिद्धि ग्रुप ऑफ़ इंस्टिट्यूशन्स के तत्वावधान में आज “हंड्रेड डेज गोल्डन फेज ” की भव्य शुरुआत की गई, जिसमें समूह के तीनों विद्यालय—केपीएस भरवारी, केपीएस भीटी और एन.डी. कॉन्वेंट स्कूल भरवारी—के कक्षा 10वीं और 12वीं के सभी विद्यार्थी उपस्थित रहे। कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती की वंदना और दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ, जहां छात्रों तथा शिक्षकों ने आगामी बोर्ड परीक्षाओं में सफलता की कामना की।
इस अवसर पर चेयरमैन ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि बोर्ड परीक्षाएं जीवन का एक महत्वपूर्ण मोड़ होती हैं, और इन 100 दिनों का प्रभाव विद्यार्थियों के भविष्य पर निर्णायक रूप से पड़ेगा। उन्होंने मानसिक रूप से मजबूत रहने, समय प्रबंधन, अनुशासन और आत्मविश्वास की महत्ता को समझाया। चेयरमैन ने विद्यार्थियों को परीक्षा के दौरान तनाव और दबाव से कैसे निपटना है, इसकी भी जानकारी प्रदान की।
इस अनूठी पहल के अंतर्गत प्रत्येक छात्र को एक मेंटर शिक्षक की जिम्मेदारी सौंपी गई है, जो आने वाले 100 दिनों तक उसकी पढ़ाई, प्रदर्शन, डाउट सॉल्विंग, टेस्ट एनालिसिस, नियमित मॉनिटरिंग और भावनात्मक समर्थन तक सभी पहलुओं पर व्यक्तिगत रूप से ध्यान देगा। छात्रों की प्रगति का लगातार मूल्यांकन किया जाएगा और साप्ताहिक परीक्षाओं व रिपोर्टिंग के माध्यम से सुधार सुनिश्चित किया जाएगा। इस दौरान छात्रों के लिए मोटिवेशनल सेशन, स्ट्रेस मैनेजमेंट वर्कशॉप और पेरेंट–टीचर समीक्षा बैठकें भी आयोजित की जाएंगी।
कार्यक्रम में संस्थान के चेयरमैन निवर्तमान विधायक सजंय गुप्ता जी ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा—
“अनुशासन, मेहनत और सकारात्मक सोच— इन तीनों का मेल सफलता की गारंटी है।”
उन्होंने बोर्ड एग्जाम में मानसिक तैयारी और तनाव को संभालने के महत्त्व पर मार्गदर्शन दिया।
उन्होंने कक्षा दसवीं के छात्रों के लिए घोषणा किया कि , जिन छात्रों का बोर्ड परीक्षा में रिजल्ट 90% से 95% होगा , उन्हें कक्षा 11वीं तथा 12वीं में 50% फीस माफ स्कॉलरशिप के रूप में की जाएगी। जिन विद्यार्थियों का 95 %से 100% के बीच होगा उन्हें कक्षा 11वीं तथा 12वीं में 100% फीस माफ स्कॉलरशिप के रूप में की जाएगी।
कार्यक्रम में उपस्थित विद्यालय के फाउंडर देव गुप्ता ने भी विद्यार्थियों को प्रेरणादायक संबोधन दिया। उन्होंने कहा कि आने वाले 100 दिन प्रत्येक छात्र के लिए जीवन बदलने वाला अवसर हैं। यदि विद्यार्थी पूरी निष्ठा से प्रयास करें तो कोई लक्ष्य असंभव नहीं होता। उन्होंने कहा कि इस Golden Phase Program का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि बोर्ड परीक्षा के दिन हर बच्चा आत्मविश्वास से भरा हुआ और सफलता का विजेता बनकर परीक्षा केंद्र पहुंचे।
कार्यक्रम के अंत में सभी शिक्षकों और विद्यार्थियों ने यह संकल्प लिया कि आने वाले 100 दिनों में कोई भी छात्र पीछे नहीं रहेगा और सभी मिलकर उत्कृष्ट परिणाम प्राप्त करने के लिए प्रयासरत रहेंगे। कार्यक्रम के दौरान छात्रों में उत्साह और सकारात्मक ऊर्जा स्पष्ट दिखाई दे रही थी।









