कौशाम्बी
सपा के राष्ट्रीय महासचिव इंद्रजीत सरोज मंगलवार को पूर्व जिला पंचायत सदस्य जीतेंद्र सरोज के घर जैतपुरपूरे हजारी गांव पहुंचे। परिजनों से मिले। इसके बाद कहा कि राजनीतिक लड़ाई में पूर्व जिला पंचायत सदस्य का घर गिराना बहुत ही दुर्भाग्यपूर्ण है। यह ओछी हरकत हैं। आने वाले दिनों में इस कृत्य को अंजाम देने वालों को खामियाजा भुगतना होगा। इसके लिए वह तैयार भी रहें।
जैतपूरपूरे हजारी निवासी जीतेंद्र सरोज पूर्व जिला पंचायत सदस्य हैं। मौजूदा समय उनकी पत्नी शायमा सरोज जिला पंचायत सदस्य हैं। जिला पंचायत अध्यक्ष कल्पना सोनकर के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाया गया था। 19 अगस्त को फ्लोर टेस्ट था। जिस दिन फ्लोर टेस्ट था, उसी दिन जीतेंद्र सरोज के घर एसडीएम पुलिस व पीएसी लेकर पहुंच गए थे। सरकारी जमीन पर घर बना होने की जानकारी देते हुए जिला पंचायत सदस्य का घर गिरा दिया गया था। इसका भारी विरोध हुआ था, लेकिन प्रशासन अपनी जिद पर अड़ा रहा। मंगलवार को सपा के राष्ट्रीय महासचिव इंद्रजीत सरोज जीतेंद्र सरोज के घर पहुंचे। मामले की जानकारी ली। इसके बाद कहा कि जब जीतेंद्र सरोज सरकारी जमीन के बदले अपनी जमीन दे रहे थे, कार्रवाई करने का कोई मतलब नहीं था। राजनीतिक विद्वेष में घर गिराया गया, यह गलत है। उन्होंने कहा कि जनपद में तमाम ऐसे आलीशान घर बने हैं, जिनका नक्शा-परमिशन ही नहीं है। कितने मकान प्रशासन गिरा रहा है। उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में इसका खामियाजा सत्तासीन लोगों को भुगतना पड़ेगा। वह इसके लिए तैयार भी रहें।








