
जुगल कलाल/ डूंगरपुर. मशहूर कहावत है कुछ हासिल करने का जज्बा मन मे हो तो हर चीज हासिल की जा सकती है ऐसा ही कुछ करके दिखाया डूंगरपुर की अनिता अग्रवाल ने. अनिता दुनिया के सबसे ऊंचे पर्वत माउंट एवरेस्ट के बेस कैंप में तक ट्रैक कर तिंरगा फहराया है. अनिता 55 साल की है और पेशे से एक सरकारी स्कूल की टीचर भी हैं.
डूंगरपुर शहर के प्रताप नगर की रहने वाली अनिता अग्रवाल ने 17,600 फिट चढ़ाई कर माउंट एवरेस्ट के बेस कैंप तक ट्रैकिंग की है. ऐसा करने वाली अनिता डूंगरपुर की पहली महिला बन गई हैं. इसे पहले भी अनिता कई सारे पहाड़ों की चढ़ाई कर चुकी हैं. अनिता ऑस्ट्रेलिया के सिडनी शहर में 16 हज़ार फीट की उंचाई से स्काई डाइविंग भी कर चुकी हैं. अनीता भले 55 साल की हो लेकिन, उनके अंदर जूनून और जज्बा आज भी युवाओं जैसा है.
अनिता अग्रवाल माउंट ऐवरेस्ट की ट्रैकिंग को लेकर बताती हैं कि अलग-अलग राज्यों से 17 सदस्यों के उन्हों ट्रिंकिंग शुरू की. ट्रेकिंग को पूरा करने में 11 दिन का समय लगा. अनिता बताती हैं कि 11 दिन में उन्हें 130 किलोमीटर की ट्रैकिंग की. रोजाना 10 से 12 किलोमीटर तक की चढ़ाई चढ़ते और वहीं पर खाना बनाकर पहाड़ी पर रात गुजारते. अगले दिन सुबह के एक बार भी से ट्रैक पर निकल जाते.
वहीं, रास्ते में स्नोफॉल, माइनस डिग्री में तापमान और ऑक्सीजन की कमी इन सब दुविधाओं को पार कर एवरेस्ट तक पहुंचने का जो सपना अनिता अग्रवाल द्वारा कभी देखा गया, वह सपान साकार हुआ. आपको बता दें कि इससे पहले भी अनिता अग्रवाल ने माइनस 30 डिग्री तापमान में लेह लद्दाख स्थित जांस्कर रिवर पर चादर ट्रैक 55 किमी, माउंट यूनाम पीक और 19,500 फ़ीट तक कर चुकी है.
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FIRST PUBLISHED : June 06, 2023, 14:31 IST








