CBSE 10th Result 2023 : जिले के छात्रों ने लहराया परचम, अनुष्का और आर्यन ने प्राप्त किया 94 प्रतिशत अंक

Share Now:

👇समाचार सुनने के लिए यहां क्लिक करें

गुलशन सिंह/बक्सर. सीबीएसई बोर्ड ने शुक्रवार को 12वीं के साथ-साथ 10वीं का भी रिजल्ट जारी कर दिया है. जिले के बच्चों ने जहां 12वीं में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया तो वहीं दसवीं की परीक्षा में भी मेधावियों ने अपनी प्रतिभा का डंका बजा कर जिले का नाम रोशन किया है. इस कड़ी में सदर प्रखंड क्षेत्र के अर्जुनपुर में संचालित हेरिटेज स्कूल के छात्रों ने एक बार फिर सीबीएसई की बोर्ड की परीक्षा में अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया है. विगत 4 साल से 10 वीं में इस विद्यालय के छात्र-छात्राएं अच्छा प्रदर्शन कर रहे है.

10 वीं के बोर्ड परिणाम पर हर्ष व्यक्त करते हुए विद्यालय के चेयरमैन डॉ. प्रदीप पाठक ने बताया कि विद्यालय परिवार छात्रों के उज्ज्वल भविष्य को लेकर दृढ संकल्पित है. उन्होंने बताया कि दसवीं में इस बार अनुष्का कुमारी और आर्यन कुमार सिन्हा ने 94.2% अंक लाकर संयुक्त रूप से टॉप कर विद्यालय का ही नहीं अपितु पूरे जिले का नाम रोशन किया है. वहीं विद्यालय के वाइस प्रिंसिपल पुष्पेन्द्रू मिश्रा ने बताया कि इस बार कुल 180 छात्रों ने 10वीं की परीक्षा दिया था. जिनमें से 12 वैसे छात्र-छात्राएं है जो 90% से अधिक अंक प्राप्त किया हैं. वहीं 35 छात्रों ने 80 % से ऊपर अंक प्राप्त किया है. उन्होंने बताया कि इंद्रमणि पांडेय 93.4%, हरिओम पाठक 93%, प्रशांत कुमार 92.2%,अनुष्का कुमारी 92.2%,ओमजी ओझा 92%, कृष्णा कुमार 91.2%, खुशबू कुमारी 91.2%, रौनक कुमार सिंह 91%, रिमझिम कुमारी 90.8%,अनुष्का कुमारी 90% प्राप्त किया हे.

आईएएस बनाना चाहती है अनुष्का
94.2 फीसद अंक प्राप्त टॉपर बनी अनुष्का कुमारी ने बताया कि उनके पिता जयप्रकाश नारायण सिंह एक शिक्षक हैं और सफलता मिलने के बाद परिवार में काफी खुशी का माहौल बना हुआ है. अनुष्का ने बताया कि स्कूल में शिक्षकों के द्वारा बहुत ही अच्छे तरीके से सभी विषयों को पढ़ाया गया था. जबकि घर पर प्रतिदिन 4 घंटे तक सेल्फ स्टडी करती थी. अनुष्का ने अपनी सफलता का श्रेय माता-पिता और गुरुजनों को दिया है. साथ ही बताया कि आगे मेहनत कर एक आईएएस अधिकारी बनना चाहती है.

इंजीनियर बनाना चाहते है आर्यन कुमार
टॉपर आर्यन कुमार सिन्हा ने बताया कि उनके पिता अजय कुमार सिन्हा खेल के सामान का बिजनेस करते है. आर्यन ने सफलता का श्रेय अपने गुरुजनों और माता-पिता को दिया है. आर्यन ने बताया कि 10वीं में सफलता पाने के लिए प्रतिदिन घर पर 6 से 7 घंटे तक पढ़ाई करता था. मेहनत के बाद सफलता मिलने से हौसला बढ़ा है, इसलिए आगे चलकर एक बेहतर इंजीनियर बनने की तैयारी करेंगे.

Source link

Up Head Line
Author: Up Head Line

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

और पढ़ें