आज का पंचांग 8 मई 2023: पाना है गणपति बप्पा का आशीर्वाद, करें संकष्टी चतुर्थी व्रत, पढ़ें, शुभ समय, नक्षत्र, योग

Share Now:

👇समाचार सुनने के लिए यहां क्लिक करें


हाइलाइट्स

आज संकष्टी चतुर्थी पर करें गणेश भगवान की पूजा-आराधना.
सोमवार के दिन शिव जी की भी पूजा उनके भक्त बेहद श्रद्धा भाव से करते हैं.

आज का पंचांग 8 मई 2023 (Aaj Ka Panchang): आज ज्येष्ठ माह के कृष्ण पक्ष की तृतीया तिथि, योग शिव, पक्ष कृष्ण और दिन सोमवार है. आज का दिन भगवान शंकर जी को समर्पित होता है. साथ ही आज ज्येष्ठ माह में पड़ने वाला पहला व्रत संकष्टी चतुर्थी भी है. इसे एकदंत संकष्टी चतुर्थी भी कहते हैं. ऐसा इसलिए, क्योंकि गणेश जी का नाम एकदंत भी है. इसमें लोग गणपति जी की पूजा करते हैं और व्रत रखते हैं. मान्यता है कि संकष्टी चतुर्थी का व्रत रखने से जीवन में सारी खुशिया मिलती हैं. दुख-दर्द, कष्ट दूर होते हैं. संकष्टी चतुर्थी व्रत का पारण चंद्रमा की पूजा करने के बाद किया जाता है.

शिव योग बनने से जो व्यक्ति गणेश जी की पूजा पूरे विधि-विधान से करेगा, उसे शंकर भगवान का भी आशीर्वाद प्राप्त हो सकता है. संकष्टी चतुर्थी व्रत में गणेश जी की पूजा शाम के समय करने के बाद चंद्रमा को अर्घ्य जरूर दें वरना ये व्रत, पूजा-पाठ अधूरी मानी जाएगी. इस व्रत को रखने से संतान का सुख प्राप्त होता है. सुख-समृद्धि आती है. आज के दिन शिव जी की भी पूजा की जाती है. सुबह स्नान करने के बाद पूजा स्थल पर शिव जी और माता पार्वती की तस्वीर रखकर पूजा की शुरुआत करें. भस्म, फूल, बेलपत्र चढ़ाएं. धूप, अगरबत्ती, दिया आदि जलाएं. शिव मंत्र का उच्चारण करें. सोमवार व्रत का कथा पाठ करें. नियमानुसार सोमवार व्रत करने से घर-परिवार में खुशहाली बनी रहती है. शिव जी की कृपा आपके ऊपर सदा बनी रहेगी.

8 मई 2023 का पंचांग
आज की तिथि – ज्येष्ठ कृष्ण पक्ष तृतीया
आज का करण – वणिज
आज का नक्षत्र – ज्येष्ठा
आज का योग – शिव
आज का पक्ष – कृष्ण
आज का वार – सोमवार
आज का दिशाशूल –पूर्व

सूर्योदय-सूर्यास्त और चंद्रोदय-चंद्रास्त का समय
सूर्योदय – 06:02:00 AM
सूर्यास्त – 07:09:00 PM
चन्द्रोदय – 22:03:59
चन्द्रास्त – 07:16:59
चन्द्र राशि– वृश्चिक

हिन्दू मास एवं वर्ष
शक सम्वत – 1945 शुभकृत
विक्रम सम्वत – 2080
दिन काल – 13:25:00
मास अमांत – वैशाख
मास पूर्णिमांत – ज्येष्ठ
शुभ समय – 11:50:57 से 12:44:37 तक

अशुभ समय (अशुभ मुहूर्त)
दुष्टमुहूर्त– 12:44:37 से 13:38:17 तक
कुलिक– 15:25:37 से 16:19:17 तक
कंटक– 08:16:17 से 09:09:57 तक
राहु काल– 07:40 to 09:19
कालवेला/अर्द्धयाम– 10:03:37 से 10:57:17 तक
यमघण्ट– 11:50:57 से 12:44:37 तक
यमगण्ड– 10:37:10 से 12:17:48 तक
गुलिक काल– 14:14 to 15:53

Tags: Astrology, Dharma Aastha

Source link

Up Head Line
Author: Up Head Line

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

और पढ़ें