बरेली से नेपाल तक साइकिल से पूरी की यात्रा, ‘साइकिल बाबा’ के नाम से हैं फेमस

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शानू कुमार/बरेली. बरेली में राजेन्द्र नगर इलाके के रहने वाले 55 वर्ष के संजीव जिंदल की अपनी अलग पहचान है. पेशे से वो बिजनेसमैन हैं और पूरी बरेली समेत आसपास के राज्य के लोग भी उन्हें साइकिल बाबा कहते हैं, आखिर क्या है इनकी खासियत और क्यों कहा गया इनको साइकिल बाबा आज हम आपको इस रिपोर्ट में बताएंगे.

संजीव जिंदल को साइकिल चलाने का शौक है. संजीव ने 8 साल पहले साइकिल का हैंडल इस कदर थामा कि अब तक उनका हाथ साइकिल के अलावा दूसरी सवारी पर नहीं गया. इसके चलते साइकिल से बरेली से लेकर नेपाल तक की यात्रा की. नेपाल के साथ-साथ बरेली में भी काफी दूर-दूर तक का सफर साइकिल से तय किया है.

कोई बीमारी शरीर में नहीं लगती

संजीव जिंदल का कहना है कि साइकिल से शरीर स्वस्थ रहता है. कोई बीमारी नहीं लगती, जो लोग जिम नहीं जाते या एक्सरसाइज नहीं कर पाते वह सिर्फ साइकिल चलाएं तो शरीर उनका हमेशा फिट रहेगा. उन्होंने बताया कि नेपाल में साइकिलिंग से रिलेटेड काफी प्रोग्राम होते हैं. मैं ज्यादा से ज्यादा प्रोग्राम में हिस्सा लेता हूं और नेपाल में सबसे ज्यादा साइकिल को बढ़ावा दिया जाता है और साइकिल के हर प्रोग्राम में मुझे बुलाया भी जाता है. मैं उस प्रोग्राम शामिल भी होता हूं.

साइकिल का हैंडल थामने की वजह

संजीव जिंदल ने बताया कि साइकिल की सवारी मैंने इसलिए पकड़ी क्योंकि मैं दुनिया को देखना चाहता था. दुनिया को जानना चाहता था. नेचर को समझना चाहता था. जो प्रकृति है वह आखिर क्या है. इसी कारण से मैं साइकिलिंग करता हूं और जब मैं साइकिलिंग के लिए निकलता हूं तो मुझे नए-नए लोग मिलते हैं.

ऐसे पड़ा साइकिल बाबा नाम

संजीत जिंदल को सभी लोग साइकिल बाबा के नाम से जानते हैं. उनको साइकिल बाबा के नाम से ही पुकारा जाता है. हालांकि नाम बड़ा अजीब है. लेकिन संजीव जिंदल को ये नाम अपने आप में बहुत अच्छा लगता है कि उनकी साइकिल से अलग पहचान बनी है. संजीव जिंदल के सोशल मीडिया पर तरह-तरह के के फोटो वीडियो साइकिलिंग करते हुए अपलोड हैं. लोग उनको खूब लाइक करते हैं.

Tags: Bareilly news, Cycle, Latest hindi news, UP news

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Up Head Line
Author: Up Head Line

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