दुष्कर्म के दोषी दो आरोपितों को बीस वर्ष की कैद
एक दशक पहले दो लोगों ने घर में घुस कर किशोरी के साथ किया था दुष्कर्म
चरवा थाना क्षेत्र के एक गांव में हुई थी घटना
हरिणांक द्विवेदी/विधि संवाददाता
कौशांबी
अतिरिक्त न्यायाधीश पोक्सो ऐक्ट सुशील कुमारी ने चरवा थाना क्षेत्र के एक गांव में करीब एक दशक पूर्व किशोरी के साथ हुई दुष्कर्म की घटना में दो आरोपितों को दोषी पाए जाने पर बीस वर्ष की कैद से दंडित किया है। इसके साथ ही कोर्ट ने दोनों के खिलाफ २९ हजार पांच सौ रुपए का अर्थदंड भी लगाया है। अर्थदंड की वसूली होने पर सम्पूर्ण धनराशि किशोरी को दिलाया जाएगा।
अपर जिला शासकीय अधिवक्ता अनिल कुमार चौधरी ने बताया कि चरवा थाना क्षेत्र की वादिनी मुकदमा ने थाना में तहरीर देकर अवगत कराया था कि उसके पिता बीमार रहते हैं, और मां का देहांत हो चुका है। वादिनी अपने घर में पिता व १५ वर्षीय भाई के साथ रहती है। २० जुलाई २०१३ की रात करीब दस बजे उसके घर में पीछे की ओर से दीवार फांद कर गांव के कुलदीप यादव व मनु पासी घर के अन्दर घुस आए और दोनों ने बारी-बारी से किशोरी के साथ जबरदस्ती उसका गला दबाकर दुष्कर्म किया है। गला दबाने से किशोरी बेहोश हो गई। घटना कारित करने के बाद आरोपितों ने किशोरी का मोबाइल भी चोरी कर ले गए थे। सुबह उसने थाना में घटना की नामजद रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस ने विवेचना के बाद दोनों आरोपितों के खिलाफ दलित किशोरी के साथ घर में घुस कर जबरदस्ती दुष्कर्म किए जाने सहित मोबाइल फोन की चोरी व बरामदगी का आरोपपत्र दाखिल किया है। राज्य सरकार की ओर से अपर जिला शासकीय अधिवक्ता अनिल कुमार चौधरी ने वादिनी किशोरी सहित कुल ११ गवाहों को कोर्ट में बुला कर गवाही कराई। दोनों ओर से की गई बहस को सुनने व पत्रावली में उपलब्ध साक्ष्य का अवलोकन करने के बाद कोर्ट ने घटना में दोनों आरोपितों को दोषी पाए जाने पर बीस-बीस वर्ष की कैद व प्रत्येक को २९ हजार पांच सौ रुपए के अर्थदंड से दंडित किया है। कोर्ट द्वारा सजा सुनाए जाने के बाद कोर्ट मुहर्रिर ने दोनों आरोपितों को हिरासत में लेकर जेल भेज दिया है। फैसला सुन कर वादिनी भावुक हो उठी, और अदालत के इंसाफ पर संतोष व्यक्त किया है।








