
भोपाल. मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल से शादी से जुड़ा एक अनूठा मामला सामने आया है. अक्सर दहेज प्रताड़ना से जुड़ी खबरें सामने आती रहती हैं, लेकिन भोपाल में रहने वाले रेलवे अधिकारी ने सिर्फ 1 रुपए और नारियल लेकर शादी कर मिसाल पेश की है. दुल्हन पक्ष ने फेरों की रस्मों के बीच लेनदेन, नकदी देने की जिद भी की थी, मगर दूल्हे के पिता ने किसी प्रकार का सामान लेने से मना कर दिया.
दरअसल, भोपाल निवासी दूल्हा दीपक मकोरिया पेशे से रेलवे में जूनियर एक्जीक्यूटिव हैं, जबकि दुल्हन शिवानी ग्रेजुएट हैं. दोनों की शादी एक-दूसरे से तय हुई थी जो 16 मई को संपन्न हुई. शादी में किसी प्रकार का दहेज न लेकर दूल्हे और उसके परिवार वालों ने मिसाल पेश किया. उन्होंने दहेज को बढ़ावा देने वालों को भी संदेश दिया है. लड़के के पिता का मानना है कि बहू के रूप में कन्या धन की प्राप्ति होने के बाद दहेज कोई मायने नहीं रखता है.
एक रुपए और नारियल लेकर की शादी
दीपक मकोरिया ने एक रुपए और नारियल लेकर शादी कर मिसाल पेश की है. दुल्हन के पिता ने फेरे की रस्मों के बीच लेनदेन, नकदी के साथ चढ़ने वाले आभूषणों सहित सभी रीति-रिवाज के साथ शादी करने की जिद भी की थी, लेकिन दूल्हे के पिता रामदास मकोरिया ने शादी में दहेज के रूप में किसी भी प्रकार का सामान लेने से मना कर दिया. इससे उन्होंने ना सिर्फ समाज को दहेज प्रथा को बढावा देने वालों के खिलाफ कड़ा संदेश दिया, बल्कि कई कुरीतियों को तोड़ा भी है.
दूल्हे ने जताई खुशी
दूल्हे द्वारा एक रुपए और नारियल लेकर शादी करने के बाद खुशी जताई है. दूल्हा-दुल्हन के बीच अंगूठी पिराई की रस्म भी नहीं हुई, क्योंकि दूल्हे पक्ष ने किसी प्रकार के लेनदेन से साफ तौर पर इंकार कर दिया था. वहीं दूल्हे के पिता का मानना है कि बहू के रूप में कन्या धन की प्राप्ति होने के बाद दहेज कोई मायने नहीं रखता है. दीपक ने बताया कि देशभर में लड़कियों पर दहेज को लेकर कई प्रकार के जुल्म किए जाते है. हम इसके विरोध में किसी प्रकार का दहेज ना लेकर समाज को संदेश पहुंचाना चाहते है.








