प्रयागराज : माफिया अतीक अहमद के सबसे छोटे और पांचवें नंबर के बेटे आबान को शनिवार को कसारी-मसारी कब्रिस्तान में सुपुर्द-ए-खाक कर दिया गया। आबान को उसके पिता अतीक अहमद की कब्र के बगल में दफनाया गया है। आबान के जनाजे में परिवार के लोग शामिल हुए। जेल से पैरोल पर बाहर आए उसके बड़े भाई उमर और अली ने जनाजे को कंधा दिया और जनाजे की नमाज में भी शामिल हुए। बड़े बेटे उमर ने ही जनाजे की नमाज पढ़ाई। जनाजे को कंधा देते वक्त दोनों भाई भावुक नजर आए। आबान को सुपुर्द-ए-खाक करने के बाद उमर और अली ने परिजनों से मुलाकात की।

बात दें कि 6 अगस्त को प्रयागराज से झांसी जाते समय हुए सड़क हादसे में आबान की मौत हो गई थी। हादसे की खबर सामने आने के बाद अतीक अहमद के परिवार और करीबियों में शोक की लहर दौड़ गई। आबान के अंतिम संस्कार के दौरान कसारी-मसारी कब्रिस्तान के बाहर बड़ी संख्या में लोगों की भीड़ जमा हो गई। अतीक अहमद के बेटों की कब्रिस्तान पहुंचने की सूचना पर भीड़ और बढ़ गई। पुलिस को भीड़ को नियंत्रित करने में काफी मशक्कत करनी पड़ी।
पुलिसकर्मियों ने कड़ी सुरक्षा के बीच उमर और अली को कब्रिस्तान के अंदर पहुंचाया। इस दौरान कई लोग बैरिकेडिंग तोड़कर अंदर जाने का प्रयास करने लगे। हालात बिगड़ते देख पुलिस ने हल्का बल प्रयोग किया और लोगों को पीछे हटाकर बाहर की ओर खदेड़ा। पूरे घटनाक्रम के दौरान कसारी-मसारी कब्रिस्तान में भारी पुलिस बल तैनात रहा। पुलिस ने भीड़ को नियंत्रित करते हुए अंतिम संस्कार की प्रक्रिया पूरी कराई।






