
नई दिल्ली. अपने तीसरे कार्यकाल के पहले विदेश दौरे के लिए नेपाल के प्रधानमंत्री पुष्प कुमार दहल प्रचंड (Pushp Kumar Dahal Prachanda) आज से भारत दौरे पर होंगे. चीन से पहले निमंत्रण मिलने के बावजूद प्रचंड ने भारत को अपने तीसरे कार्यकाल के पहले विदेश दौरे के लिए चुना है. नेपाल, भारत और चीन दोनों के लिए बहुत महत्वपूर्ण है. आज से 3 जून तक 4 दिवसीय भारत यात्रा पर पुष्प कुमार दहल प्रचंड होंगे. प्रचंड के साथ एक उच्च-स्तरीय प्रतिनिधिमंडल भी आएगा. नेपाल पीएम का भारत दौरा काफी अहम माना जा रहा है. ड्रैगन की कूटनीति सहित कई समझौतों पर मुहर लगेगी.
इस यात्रा को लेकर दोनों ही पक्षों में काफी उत्सुकता है. खासकर बीते कुछ सालों से जिस तरह नेपाल लगातार चीन के करीब होता जा रहा है. ऐसे में यह यात्रा नए सिरे से संबंधों में गर्माहट आएगी. प्रचंड सदियों पुराने, बहुआयामी द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने के लिए पीएम नरेंद्र मोदी व अन्य नेताओं से वार्ता करेंगे. नेपाल के विदेश मंत्रालय ने शनिवार को एक बयान में कहा, “यात्रा नेपाल और भारत के बीच सदियों पुराने, बहुमुखी और सौहार्दपूर्ण संबंधों को और मजबूत करेगी. द्विपक्षीय संबंधों को बढ़ावा देने और व्यापार, ऊर्जा, कृषि, संस्कृति तथा हवाई सेवा से जुड़ी चर्चा भारतीय नेताओं के साथ उनकी बातचीत में प्रमुखता से शामिल होगी.
भारत ने किया स्वागत, कहा- द्विपक्षीय संबंध काफी मजबूत
दिसंबर 2022 में पदभार ग्रहण करने के बाद से यह दहल की पहली आधिकारिक विदेश यात्रा होगी. वह अपने पहले के कार्यकाल के दौरान तीन बार भारत का दौरा कर चुके हैं. दहल, एक 68 वर्षीय पूर्व माओवादी विद्रोही नेता, जो प्रचंड नाम से जाने जाते हैं. भारत के विदेश मंत्रालय ने एक बयान में कहा, “यह दौरा हमारी ‘नेबरहुड फर्स्ट’ नीति को आगे बढ़ाने के लिए भारत और नेपाल के बीच नियमित रूप से उच्च स्तरीय आदान-प्रदान की परंपरा को जारी रखता है. सहयोग के सभी क्षेत्रों में पिछले कुछ वर्षों में दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय संबंध काफी मजबूत हुए हैं.
.
FIRST PUBLISHED : May 31, 2023, 05:30 IST









