प्रयागराज : उत्तर प्रदेश में टीजीटी-पीजीटी भर्ती प्रक्रिया को लेकर प्रतियोगी छात्रों का विरोध प्रदर्शन लगातार दूसरे दिन भी जारी है। पुरानी नियमावली और पुराने पैटर्न के आधार पर भर्ती कराने की मांग को लेकर सैकड़ों छात्र-छात्राएं शिक्षा निदेशालय के बाहर धरने पर बैठे हैं। प्रदर्शनकारी अभ्यर्थियों की मांग है कि उन्हें पुरानी व्यवस्था के तहत भर्ती प्रक्रिया में शामिल होने का एक अवसर दिया जाए।
आंदोलन के दूसरे दिन प्रतियोगी छात्र-छात्राओं ने राष्ट्रगान के साथ धरने की शुरुआत की। इसके बाद अभ्यर्थियों ने पोस्टर और बैनर लेकर नारेबाजी की। सड़क पर दरी बिछाकर बैठे छात्र अपनी मांगों को लेकर लगातार आवाज उठा रहे हैं। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि भर्ती नियमों में बदलाव से उनकी तैयारी और भविष्य पर प्रतिकूल असर पड़ सकता है।

टीजीटी-पीजीटी भर्ती प्रक्रिया में नई नियमावली लागू किया जाना है। उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग ने टीजीटी के 17,735 पदों पर नई नियमावली के तहत भर्ती प्रक्रिया शुरू की है। वहीं, पीजीटी भर्ती के लिए 15 सितंबर को अधिसूचना जारी की गई थी और आवेदन की अंतिम तिथि भी समाप्त हो चुकी है।
ऐसे में प्रतियोगी छात्र पुरानी नियमावली के आधार पर भर्ती कराने की मांग पर अड़े हैं। उनका कहना है कि नियमों में बदलाव के कारण सात लाख से अधिक अभ्यर्थियों के भविष्य को लेकर चिंता बढ़ गई है। प्रदर्शनकारी चाहते हैं कि भर्ती प्रक्रिया में उन्हें पुरानी व्यवस्था के अनुरूप अवसर दिया जाए, ताकि उनकी वर्षों की तैयारी प्रभावित न हो।
दूसरी ओर, आंदोलन को देखते हुए शिक्षा निदेशालय के गेट पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। प्रशासन प्रदर्शन की स्थिति पर नजर बनाए हुए है। फिलहाल, दूसरे दिन भी धरना जारी रहने से भर्ती नियमावली का मुद्दा प्रतियोगी छात्रों के बीच चर्चा का प्रमुख विषय बना हुआ है।







