कौशाम्बी
जिले के नए कलाकारों को भी मिले राष्ट्रीय मंच: शाहरुख
-सांस्कृतिक विभाग की कार्यशैली पर कवि ने खड़े किए सवाल
-प्रतिभाओं के निखार को डीएम से दखल की मांग
टीवी कलाकार और कवि शाहरुख सिद्दीकी ने सांस्कृतिक विभाग की कार्यशैली पर सवाल खड़े किए हैं। रविवार को पत्रकारों से वार्ता करते हुए उन्होंने कहा कि सांस्कृति विभाग अपने कर्तव्यों का ईमानदारी से निर्वहन करे तो नए कलाकारों को भी प्रादेशिक व राष्ट्रीय मंच पर मौका मिल सकता है। उन्होंने डीएम से दखल की मांग की है।
कॉमेडी शो हंसी का तड़का से कॅरियर की शुरूआत करने के बाद अब विभिन्न शहरों के तमाम मंचों पर कविता पाठ करने वाले कौशाम्बी निवासी कवि शाहरुख सिद्दीकी ने कहा कि संस्कृति विभाग द्वारा जिले में उदासीन रवैया अपनाया जा रहा है। इसी का नतीजा है कि नवोदित कलाकारों को अवसर नहीं मिल पा रहा है। उनकी प्रतिभा का दोआबा की गलियों में ही खून हो जाता है। कहा कि सांस्कृतिक विभाग प्रदेश के अन्य जिलों में सक्रिय है। जनपद में ही कला एवं संस्कृति के संरक्षण व संवर्धन का प्रयास नहीं हो रहा है। डीएम यदि सीधे तौर पर दखल देंगे तभी यहां की प्रतिभाओं को प्रादेशिक और राष्ट्रीय मंच नसीब होगा।






