Jyeshtha Purnima 2023: ज्येष्ठ पूर्णिमा पर इस पूजा से पूरी होगी मनोकामना, अयोध्या के ज्योतिषी से जानें सब कुछ

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सर्वेश श्रीवास्तव/अयोध्या. सनातन धर्म में पूर्णिमा का बड़ा महत्व माना जाता है. खास कर जब ज्येष्ठ माह की पूर्णिमा हो तो उसका अपना अलग महत्व होता है. हिंदू पंचांग के मुताबिक साल के ज्येष्ठ (जेष्ठ) माह में पूर्णिमा का पर्व मनाया जाता है. इस साल यह पर्व 3 जून और 4 जून को पड़ रहा है. धार्मिक मान्यता के मुताबिक इस दिन गंगा स्नान और दान करने से पुण्य की प्राप्ति होती है.

इस बार की पूर्णिमा पर दान और स्नान अलग-अलग तिथियों में होंगे. इतना ही नहीं, अगर किसी की कुंडली में चंद्र दोष है या फिर चंद्र कमजोर है तो इस दिन विधि-विधान पूर्वक पूजा आराधना करने से सारे कष्ट दूर हो जाते हैं. न्यूज़ 18 लोकल आपको बताएगा कि पूर्णिमा के दिन कैसे पूजा करें, और क्या है शुभ मुहूर्त, कैसे पूरी होगी हर मनोकामना.

यह है शुभ मुहूर्त

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उत्तर प्रदेश

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उत्तर प्रदेश के अयोध्या के ज्योतिषाचार्य पंडित कल्कि राम बताते हैं कि साल में कई पूर्णिमा की तिथि पड़ती है, लेकिन ज्येष्ठ माह की पूर्णिमा का अलग महत्व होता है. ज्योतिष शास्त्र के मुताबिक इस साल पूर्णिमा दो दिन मनाई जाएगी. एक दिन व्रत और दूसरे दिन स्नान ध्यान होगा. आज यानी 3 जून को सुबह 11:16 बजे से पूर्णिमा की तिथि शुरू होगी और अगले दिन 4 जून को यह सुबह 9:11 बजे तक समाप्त होगा. लेकिन पूर्णिमा का व्रत 3 जून को ही रखा जाएगा. इसके अलावा, गंगा स्नान और दान का पर्व 4 जून को मनाया जाएगा.

कैसे करें पूजा

अगर आप ज्येष्ठ पूर्णिमा का व्रत रख रहे हैं तो सबसे पहले आपको सूर्योदय से पहले उठ कर स्नान करना चाहिए. उसके बाद व्रत का संकल्प लेना चाहिए. विधि-विधान पूर्वक धूप, दीप और अक्षत से पूजा करनी चाहिए. इस दिन भगवान सत्यनारायण की पूजा करना काफी शुभ माना जाता है. इस दिन दही, चावल, सफेद कपड़े, सफेद फूल का दान करना चाहिए. इसके अलावा, अगर आप चंद्रमा से जुड़ी हुई चीजें दान देते हैं तो आपकी कुंडली में चंद्रमा मजबूत होगा. शाम के समय जल से चंद्रमा को अर्ध्य देना चाहिए. इसमें दूध, चीनी, चावल और फूल मिलाना होता है. अगर आप इस विधि से चंद्र देव की पूजा करते हैं तो चंद्र देव प्रसन्न होते हैं और चंद्र दोष से मुक्ति मिलती है.

इन मंत्रों का करें जप

अगर आप ज्येष्ठ पूर्णिमा का व्रत रख रहे हैं और इस दिन मां महालक्ष्मी को प्रसन्न करना चाहते है तो “ॐ श्रीं श्रीये नम:” मंत्र का जाप करें. इससे माता प्रसन्न होती हैं.

(नोट: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष शास्त्र द्वारा आधारित है न्यूज़ एटिन इसकी पुष्टि नहीं करता है)

Tags: Ayodhya News, Dharma Aastha, Religion 18, Up news in hindi

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Author: Up Head Line

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