
ईशा बिरोरिया/ऋषिकेश: देवभूमि उत्तराखंड में स्थित योग नगरी ऋषिकेश एक पावन तीर्थ स्थल है. हजारों की संख्या में लोग यहां घूमने आते हैं. यहां कई सारे मंदिर स्थापित है. हर मंदिर का अपना इतिहास और अपनी मान्यता है. हर साल लोग देश के अलग-अलग कोनों से यहां भगवान के दरबार में अपनी मनोकामना पूर्ण होने की आस लेकर आते है. इस पावन नगरी में कई ऋषियों ने घोर तप किए हैं. उन्ही ऋषियों में से एक है ऋषि सुखदेव जिन्होंने ऋषिकेश के गंगा नगर में स्थित सोमेश्वर महादेव मंदिर में घोर तप किया है.
न्यूज 18 लोकल के साथ हुई बातचीत के दौरान श्री सोमेश्वर महादेव मंदिर के महंत रामेश्वर गिरी जी बताते है कि सतयुग में सोम ऋषि के बाद ऋषि सुखदेव ने भी यहां घोर तप किया है. वे आगे बताते हैं कि उनके द्वारा स्वर्ग की अप्सरा रम्भा को श्राप मिला था और वह अभी भी नदी के रूप में ऋषिकेश में मौजूद है और अपने श्राप मुक्ति की कामना कर रही है. यह मंदिर ऋषिकेश के गंगा नगर में स्थित है इस मंदिर को सिद्ध पीठ माना जाता है. साथ ही वे बताते है इस मंदिर में स्थापित शिवलिंग स्वयं धरती से उत्पन्न हुआ है और यहां भगवान शिव ने दर्शन दिए है.
क्यों हुई स्वर्ग की अप्सरा नदी में परिवर्तित
वे बताते हैं कि सतयुग में ऋषि सुखदेव ने यहां तप किया. उनकी तपस्या को भंग करने के लिए भगवान इंद्र ने स्वर्ग की अप्सरा रम्भा को भेजा. रम्भा ने उनके तप को भंग करने के लिए कई प्रयास किए लेकिन वह असफल रही. जब उन्होंने अपनी आंखें खोली तो उन्होंने अपने पांव पर रम्भा को पाया. उन्होंने पूछा कि तुम यहां क्या कर रहे हो. रंभा ने ऋषि को बताया की भगवान इंद्र ने उन्हें यहां ऋषि की तपस्या भंग करने के लिए भेजा था.
यह सुन ऋषि ने रम्भा को श्राप दिया जिस कारण वह दौड़ती हुई एक स्थान पर जा गिरी और जल के रूप में अभी भी वहां मौजूद है. वे बताते है जिस नदी के रूप में रम्भा ऋषिकेश में विराजमान है उस नदी को रम्भा नदी के से जाना जाता है, और अब वह स्थान संजीव झील के नाम से प्रसिद्ध है.
अगर आप ऋषिकेश आए हुए है तो एक बार गंगा नगर में स्तिथ सोमेश्वर महादेव मंदिर के दर्शन जरूर करें. आपकी जानकारी के लिए आपको बता दें यह मंदिर भक्त जनों के लिए प्रातः काल 6 बजे खुल जाता है और इस मंदिर के कपाट रात में 10 बजे बंद हो जाते हैं. वही रम्भाा नदी काली की ढाल पर स्थित है.
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Tags: Dharma Aastha, Rishikesh news, Uttarakhand news
FIRST PUBLISHED : May 15, 2023, 18:30 IST








