
जेल अधीक्षक भीमसैन मुकुंद के अनुरोध पर अवनिद्र कुमार मुख्य चिकित्सा अधिकारी के दिशा निर्देशन में आरसी माथुर डिप्टी सीएमओ की टीम जेल चिकित्सक विजय अनुरागी और फार्मासिस्ट यादवेंद्र मोहन की टीम द्वारा कारागार में एक साथ समस्त निरुद्ध 967 बंदियों और 85 कारागार अधिकारियों कर्मचारियों और उनके परिवारीजनों को फाइलेरिया की रोकथाम की दवा खिलाई गई । डिप्टी सीएमओ ने बंदियों को संबोधित करते हुए बताया की फाइलेरिया का कोई इलाज दुनिया कही नही है । इसका एक मात्र इलाज साल में एक बार फाइलेरिया की रोकथाम की दवा का सेवन करना ही है । उन्होंने फाइलेरिया से पूर्व से पीड़ित एक बंदी को दिखाते हुए समझाया की इन्होंने दवा नही खाई थी ये संक्रमित हो गए है ।इसलिए सबको दवा जरूर खानी चाहिए। टीम में शामिल अशोक कुमार वरिष्ठ मलेरिया निरीक्षक द्वारा बंदियों को मलेरिया के बारे में बताते हुए कहा की मलेरिया एक मच्छरों के काटने से होने वाली बीमारी है और मच्छर गंदे पानी में पैदा होते है इसलिए अपने आसपास कही पानी इकट्ठा ना होने दे, अपने आसपास सफाई रखे। खाना खाने से पहले हाथ अच्छी तरह से धोए। जेल चिकित्सक ने भी बंदियों को दावा खिलवाई । कार्यक्रम के आरंभ में सर्वप्रथम डिप्टी सीएमओ आरसी माथुर द्वारा स्वयं अपने हाथों से जेल अधीक्षक को बंदियों के सामने फाइलेरिया की रोकथाम दवा खिलवाई जिससे बंदियों के मन में दवा के प्रति कोई दुविधा ना रहे । जेल चिकत्सक , कारापाल अखिलेश कुमार , उपकारापाल मुकेश गौड़ , सरोज देवी, कृष्णा कुमारी ने भी दवा का सेवन किया। जेल अधीक्षक भीमसैन मुकुंद ने डिप्टी सीएमओ आरसी माथुर, जेल चिकत्सक विजय अनुरागी, फार्मासिस्ट यादवेंद्र मोहन को धन्यवाद दिया । डिप्टी सीएमओ आरसी माथुर ने जेल के भोजन और जेल की सफाई व्यवस्था की तारीफ की गई।






