बिहार के इन गांव में रहते हैं विलुप्त हो रहे माल पहाड़ी समुदाय के सदस्य, राष्ट्रपति से मिलकर हुए गदगद


रविकांत कुमार/मधेपुरा.आपको जानकर हैरानी होगी कि देश में विलुप्त हो रहे माल पहाड़ी समुदाय के लोग मधेपुरा जिले में रहते हैं. हालांकि इनकी जनसंख्या महज 400 परिवारों की है. ये लोग जिले के कुमारखंड प्रखंड के ईसराईन बेला, विशनपुर सुन्दर और विशनपुर बाजार पंचायतों में रहते हैं. बताया जाता है कि माल पहाड़िया आदिम जन जातीय समूह है. जिसका संबंध प्रोटो आस्ट्रलायड से है. ये माल्टो भाषी हैं. इनका मुख्य पेशा कृषि, खाद्य-संग्रहण और मछली पकड़ना है. ये लोग प्रकृति प्रेमी होते है. इनके प्रमुख देवता सूर्य और धरती गोसाईं हैं.

सांस्कृतिक विरासत को बचाए रखने और उसके संवर्धन के लिए जिले में विलुप्त हो रहे माल पहाड़ी समुदाय के 8 सदस्यों को राष्ट्रपति द्रोपदी मुर्मू के द्वारा सम्मानित किया गया. दरअसल,
राष्ट्रपति भवन में केंद्रीय जनजातिय कार्य मंत्रालय के सौजन्य से बिहार राज्य अनुसूचित जाति / जनजाति कल्याण विभाग के तत्वाधान में विशिष्ट असुरक्षित जनजातिय समूह की बैठक नई की गई. इसमें बिहार के विशिष्ट असुरक्षित जनजातिय समूह माल पहाड़िया का चयन किया गया था. जहां इनलोगों ने महामहिम के साथ हाई टी एवं भोजन किया. मौके पर केन्द्रीय मंत्री अर्जुन मुंडा, राज्य मंत्री श्रीमति रेणुका सिंह सरूता सहित अन्य मौजूद थे.

मिलेगी बुनियादी सुविधाएं
जिलाधिकारी विजय प्रकाश मीणा ने बताया कि कार्यक्रम के दौरान माल पहाड़िया समुदाय की विलुप्त हो रही कला संस्कृति की प्रस्तुति की गई. विशिष्ट असुरक्षित जनजातिय समूह की बुनियादी सुविधाएं तथा सुरक्षित घर, शुद्ध पेयजल, शौचालय, शिक्षा, स्वास्थ्य, पोषण, सड़क एवं रोजगार के अवसर प्रदान करने के उद्देश्य से वर्ष 2023-24 में 15000 करोड़ का केन्द्रीय बजट का प्रावधान किया गया है,ताकि इनके विशिष्ट सामाजिक सांस्कृति को संजो कर रखा जा सके.

Tags: Local18, President Draupadi Murmu

Source link

Jagran Times
Author: Jagran Times

Leave a Comment

Read More