Sports News: छपरा की नेहा का कमाल,12 घंटे में 71.6KM की दूरी तय कर मुंबई में जीती मैराथन दौड़

विशाल कुमार/छपरा: सारण की नेहा रंजन ने मुंबई में 71.6 किलोमीटर मैराथन दौड़ जीतकर इतिहास रच दिया है. इस जीत को लेकर सारण वासियों में खुशी की लहर दौड़ पड़ी है. नेहा ने इस मैराथन दौड़ प्रतियोगिता में अपने एज ग्रुप में ओवर ऑल चैंपियन भी घोषित हुई हैं. नेहा छपरा शहर के श्यामचक आदर्श कॉलोनी निवासी नवीन कुमार और द्रोपदी देवी की पुत्री है. नेहा रंजन बचपन से ही एडवेंचर खेलों में रुचि रखती थी. मैराथन दौड़ में कई जगह हिस्सा लेकर गोल्ड, और सिल्वर और ब्रांज मेडल जीत चुकी है.

मैराथन दौंड़ शाम 7.30 बजे मुंबई विश्वविद्यालय के खेल स्टेडियम से शुरू हुआ. नेहा रंजन ने अपने अन्य प्रतिद्वंदियों के साथ दौड़ना शुरू किया और रविवार की सुबह 7:30 बजे कुल 12 घंटे में उसने 71.6 किलोमीटर की दूरी तय कर 38 वर्ष की आयु वर्ग में इस ऐतिहासिक प्रतियोगिता में प्रथम स्थान प्राप्त किया. नेहा रंजन एक्सिस बैंक की वरीय पदाधिकारी हैं और इस प्रतियोगिता को जीतने के लिए पिछले एक वर्ष से प्रयासरत थीं. नेहा इस जीत का श्रेय अपने कोच, माता-पिता और अपने पति विजय सहित अन्य परिजनों को दिया है. उन्होंने कहा कि शादी हो जाने के बावजूद पति हमेशा हौंसला बढ़ाने का काम करते थे.

साल के अंत में बिहार में भी कराएंगे मैराथन दौड़
नेहा ने बताया कि कोच हमेशा सफलता हासिल करने के लिए मेहनत करने की सलाह देते थे. साथ हीं अभ्यास के दौरान भी हमेशा प्रोत्साहित करते रहते थे. माता-पिता भी भी हमेशा सपोर्ट करते थे. जिन लोगों के बदौलत जीत हासिल हुई है, उनका सदा शुक्रगुजार रहेंगे. नेहा ने बताया कि बिहार में भी साल के अंत में इस तरह का अयोजन कराना है. इसको लेकर तैयारी शुरू कर दी है. ताकि बिहार के युवक-युवतियों को प्रतिभा का प्रदर्शन का अवसर प्राप्त हो सके. वहीं नेहा के इस सफलता पर छपरा के लोगों ने भी उसे बधाई दी है. बधाई देने वालों में डॉ. लालबाबू यादव, डॉ. वीरेन्द्र नारायण यादव, डॉ. दिनेश पाल, ब्रजेश चंद्रा, डॉ. राजेश चन्द्र यादव एवं मनीषा प्रियम ने उन्हें बधाई संदेश भेजा है.

Tags: Bihar News, Chapra news, Local18, Sports news

Source link

Jagran Times
Author: Jagran Times

Leave a Comment

Read More

उत्तर प्रदेश के बांदा निवासी 9 वर्षीय पुत्र ने वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाया 2 मिनट में 200 देश के झंडे पहचान कर बताने वाला पार्थ झा नमक बच्चों ने इंटरनेशनल बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में अपना नाम दर्ज कराया है माता-पिता वर्तमान में मुंबई में रहते हैं डॉक्टर जे विक्रम चाइल्ड स्पेशलिस्ट चाइल्ड केयर नर्सिंग होम के मालिक मामा है मामा जी ने एक प्रेस वार्ता के दौरान बताया कि उनका भांजा पार्थ झा ने 2 मिनट में 200 देश के फ्लैग पहचान कर बताने में महारत हासिल की है महाराष्ट्र राज्य में स्थित संस्था ने गोल्ड मेडल और एक प्रमाण पत्र दिया है इस वक्त उसका नाम इंटरनेशनल बुक ऑफ़ रिकार्ड्स मैं दर्ज किया गया है भांजा और बहन पार्थझा मां जयश्री पिता अशोक झा बांदा के रहने वाले हैं हालांकि इसमें कोई शक नहीं है इतनी कम उम्र में 200 देश के झंडों का पहचान करना यह एक चमत्कार ही है दिमाग इस बच्चे का कंप्यूटर की तरह कार्य कर रहा है बांदा का लाल मुंबई में रहकर नाम पैदा कर रहा है सिर्फ बांदा भर का नहीं पूरे विश्व में भारत का नाम ऊंचा किया