गाय के गोबर से बनी ईटों से बनेंगे इको फ्रेंडली घर, कमरे को ठंडा रखने के अलावा स्वास्थ्य भी रहेगा ठीक


 पुनीत माथुर/ जोधपुर. गाय के दूध की डिमांड लगातार बढ़ती जा रही है. वहीं गोमूत्र को भी औषधि रूप में प्रयोग किया जा रहा है. एक और खबर गाय से जुड़ी है. अब गाय के गोबर से बनी ईटों से मकान बनाए जाएंगे. यह मकान इको फ्रेंडली होंगे और यहां रहने वाले लोगों के स्वास्थ्य पर भी इनका काफी अच्छा प्रभाव पड़ेगा.

जोधपुर में एमबीएम विश्वविद्यालय के आर्किटेक्चर विभाग की असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ प्रियंका मेहता ने वर्ष 2020 में एक रिसर्च किया ताकि लोग गाय के गोबर से बनी ईटों से अपना आशियाना बना सके. जिससे लागत भी कम हो और वजन में भी यह हल्की हो. फिर गोबर के प्रयोग से ईंटे बनाई जाने लगी बाद में रेडिएशन मापने और तापमान कम करने के लिए इस पर रिसर्च करते हुए दिल्ली की टेरी लेब को प्रमाणित भी करवाया गया. फिर विश्वविद्यालय में एक 10 गुना 10 का कमरा बनाया गया बारिश होने पर इस कमरे को बिल्कुल कोई नुकसान नहीं पहुंचा. यह मकान का भार बारिश और तूफान के थपेड़े आसानी से सहन कर लेती है.

गोबर और लाइन के मेल से बनी इन ईंटों को इंडिकाऊ ब्रिक्स नाम दिया गया है. यह वजन में हल्की होने के का साथ घर के अंदर और बाहर के तापमान को भी संतुलित रखती है खासतौर से गर्मी के दिनों में यह मकान को ठंडा रखती है, और बारिश में खराब नहीं होती. क्योंकि बताते हैं कि गोबर की ईंटों से बने भवन में ऑक्सीजन का स्तर बहुत अच्छा होता है. यह जीवाणु संक्रमण के जोखिम को कम करने के साथ भवन का आंतरिक तापमान भी संतुलित रखती है. गोबर की ईट विकिरण और कार्बन की मात्रा कम करने में भी मदद करती है.

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FIRST PUBLISHED : June 12, 2023, 13:16 IST

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Author: Jagran Times

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