Godda News: शादी ब्याह में मिट्टी के बने इस हाथी और कलश का है खास महत्व, इसे बनाने वाले भी होते हैं शामिल

Share Now:

👇समाचार सुनने के लिए यहां क्लिक करें


आदित्य आनंद/गोड्डा. शादी के सीजन में मिट्टी के बर्तन के अलावा मिट्टी से बने कई रंग-बिरंगे कलश और खिलौना स्वरूप हाथी देखने को मिलते हैं. इस मिट्टी के कलश और हाथी को शादी में पूजा जाता है. शादी में इस मिट्टी के बर्तन की पूजा करना काफी शुभ – शगुन माना जाता है. इस बर्तन को लड़की व लड़की की शादी में मंडप पूजन के दौरान पूजा जाता है. जिसमें कुम्हार पंडिताइन से ही पानी, घांस और फूल से इस बर्तन को और लड़का या लड़की जिसकी शादी है उसे चुमाया जाता है. जिसमें पंडिताइन को इसके बदले इस मिट्टी कलश और हाथी के दाम के अलावे दान के रूप में साड़ी कपड़ा और बर्तन भी देने की परंपरा है.

गोड्डा की कुम्हार पंडिताइन प्रमिला देवी ने बताया कि यूं तो इसकी पूजा सभी करते हैं लेकिन लड़की की शादी में इस मिट्टी के कलश की पूजा लोग अधिक करते है. जिस पूजा में कुम्हार पंडिताइन का शामिल होना अनिवार्य होता है. वरना यह पूजा सफल नहीं हो पाती है. जहां लड़की की शादी में जब लड़की पक्ष के लोग इस कलश और हाथी को गाजे – बाजे के साथ लेने आती है तो उस वक्त किसी कपड़े से ढक कर मिट्टी से बने हाथी और कलश को पानी, घास, सिंदूर और फूल, बेलपत्र से चूमाया जाता है.

गोड्डा के महागामा में शादी विवाह कराने वाले जाने माने पंडित अरविंद झा ने बताया कि शादी के मंडप में कलश और हाथी काफी की पूजा काफी शुभ माना जाता है. जिससे की घर गृहस्थी की समृद्धि बढ़ती है. इसके साथ साथ हाथी भगवान गणेश का भी स्वरूप है. और हर एक शुभ कार्य के शुभारंभ में गणेश जी की पूजा भी शुभ माना जाता है. वह शादी के बाद इसकी पूजा कर इसे विधि अनुसार पानी में विसर्जित कर दिया जाता है.

.

FIRST PUBLISHED : May 24, 2023, 09:54 IST

Source link

Up Head Line
Author: Up Head Line

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

और पढ़ें