कौशाम्बी

करारी कस्बे में रविवार को कर्बला के 72 शहीदों की याद में ताबूत निकालकर अकीदतमंदों ने ज्यारत की। मिंजनीब इदाराए इस्लाम के बानी कर्रार हुसैन उर्फ़ राशिद रिज़वी की जानिब से हर वर्ष की तरह इस वर्ष भी कस्बे के कर्बला में 72 शहीदों की याद में ताबूत निकाला गया। किसकी शुरुवात तिलावते कराने पाक से जवाद न की निजामत एनुअल राजा ,पेस कहानी फैज, सोज़खानी एहसान हैदर वा नज़ीरूल ने की खेताबत मुराद रज़ा मेरठ ने की वही निकाबत जमीर हैदर इमामे जुमा करारी ने की वही एक-एक कर्म साहिब पढ़ाते रहे और 72 शहीदों के एक-एक करतबोध बरामद हुए वही आजादारों के आंखों से अश्क जारी था उसके बाद इमाम हुसैन के ताबूत बरामद होते हुए होते ही हजारों की तादात में आजादारों ने हाय हुसैना हाय हुसैन की सदा बुलंद की। अतफाले हुसैनी की अंजुमन ने की अंजुमन वा सभी आजादारों ने मिल कर सीना जनी की वही नजफी रिजवी अकील रिज़वी जफर उर्फ़ चांद रिज़वी ने नोहा पढ़ा।






