चित्रगुप्त ने जब भोजपुरी फिल्मों को दिलाई बॉलीवुड की बराबरी, तब मो. रफी-लता मंगेशकर भी गावत रहने हमनी के गाना

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मुंबई. चित्रगुप्त की गिनती भारतीय सिनेमा की शुरुआती म्यूजिक डायरेक्टर्स की लिस्ट में गिनती होती है. साल 1946 से उन्होंने हिंदी सिनेमा के लिए म्यूजिक डायरेक्ट करना शुरू कर दिया था. चित्रगुप्त का पूरा नाम चित्रगुप्त श्रीवास्तव था. वह बिहार के सारण जिले से थे. उन्होंने बॉलीवुड में एंट्री करने के बाद कई फिल्मों को म्यूजिक दिया. इतना ही नहीं, उन्हें भोजपुरी सिनेमा को बॉलीवुड सिनेमा के बराबर खड़ा करने का श्रेय भी जाता है. उनके म्यूजिक डायरेक्शन में बने गाने भोजपुरी के अमर गीतों की लिस्ट में शामिल हैं. यह वह दौर था जब जब भोजपुरी और हिंदी सिनेमा एक बराबर चल रहा था.

चित्रगुप्त ने वैसे तो सैंकड़ों हिंदी फिल्मों को म्यूजिक डायरेक्ट किया. लेकिन भोजपुरी म्यूजिक के संदर्भ में बात करें, तो उन्होंने बिदेसिया, गंगा मैय्या तोह पियरी चढ़ाइवो, भौजी, गंगा की लहरें जैसी कई फिल्मों के म्यूजिक को कंपोज किया. इन फिल्मों के गाने और म्यूजिक सिर्फ भोजपुरी बोलने वालों की जुबान पर नहीं थे. इन्हें गैर भोजपुरी बोलने वाले लोग भी खूब गुनगुनाते थे और इसके म्यूजिक पर थिरकते थे.

चित्रगुप्त ने बॉलीवुड के दिग्गज गीतकार शैलेंद्र, मजरूह सुल्तानपुरी जैसी हस्तियों के गानों को डायरेक्ट किया. इतना ही नहीं, लता मंगेशकर, किशोर कुमार, मोहम्मद रफी, सुमन कल्याणपुर, उषा मंगेशकर, लता मंगेशकर जैसे दिग्गज बॉलीवुड सिंगर्स ने इन भोजपुरी फिल्मों के लिए गाने गाए. यह गाने आज भी भोजपुरी इंडस्ट्री के क्लासिकल गाने माने जाते हैं.

चित्रगुप्त को बॉलीवुड में वो स्थान नहीं मिल पाया, जो उनके समकालीन या बाद के म्यूजिक डायरेक्टर्स आर डी बर्मन, मदन मोहन, शंकर जयकिशनया सी रामचंद्र को मिला. चित्रगुप्त का म्यूजिक किसी भी मायने में इन दिग्गज म्यूजिक कंपोजर्स से कम नहीं था. चित्रगुप्त के म्यूजिक डायरेक्शन में बना गाना ‘अंबे तू है जगदंबे काली’ आज तक लोगों की जुबान पर है. पंडालों में, घरों में, आरतियों में यह गाना आज भी खूब बजता है.

उस दौर में बनने वाली मिडिलक्लास फैमिली पर कहानियों वाली फिल्मों में चित्रगुप्त को ही म्यूजिक कंपोज करने के लिए कहा जाता था. यह उनकी सिग्नेचर स्टाइल की फिल्में होती थीं. भोजपुरी को हिंदी सिनेमा जितना पॉपुलर करने वाले चित्रहगुप्त को कभी भी बड़े बैनर की फिल्मों में म्यूजिक कंपोज करने का मौका नहीं मिला. लेकिन उन्होंने जितना भी काम किया, उससे बड़े-बड़े म्यूजिक डायरेक्टर्स को अपना कायल बना लिया था.

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Author: Up Head Line

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