
शिवहरि दीक्षित, हरदोई के स्वास्थ्य विभाग में भ्रष्टाचार कम होने का नाम नहीं ले रहा है. ऐसा ही एक मामला सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बिलग्राम का सामने आया है. जहां पर एक गर्भवती महिला को भर्ती करने के एवज में 2500 रुपये की रिश्वत मांगी गई. जिसे उसके पति के द्वारा ना दे पाने पर घर वापस लौटा दिया गया.
हरदोई के बिलग्राम क्षेत्र के दुर्गागंज गांव के मजरा निवासी रीशेन्द्र कुमार की पत्नी को प्रसव पीड़ा शुरू हुई. जिसे वह सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बिलग्राम लेकर पहुंचा. मगर वहां भर्ती के नाम पर 2500 रुपये की मांग की गई. पैसे ना दे पाने की वजह से उसे वहां से भगा दिया गया. जिसके बाद वह दूसरे दिन लोगों से कर्ज के रूप में 1500 रुपये इकट्ठा कर अस्पताल पहुंचा. काफी मिन्नतें करने के बाद उसकी पत्नी को 1500 रुपये लेकर भर्ती कर लिया गया.
लापरवाही के चलते हो गई नवजात की मौत
हरदोई के बिलग्राम सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर स्टाफ की लापरवाही व घूसखोरी के चलते नवजात की मौत हो गई, रीशेन्द्र ने आरोप लगाया है कि उसकी पत्नी को सही समय पर इलाज ना मिलने की वजह से उसके बेटे की मौत हुई है, क्योंकि इलाज में स्वास्थ्य कर्मियों के द्वारा लापरवाही की गई थी. रीशेन्द्र कि पत्नी मनीषा ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर बेटे को जन्म दिया था. मगर हालात बिगड़ने पर मेडिकल कॉलेज हरदोई रेफर किया गया था. जहां उसकी मृत्यु हो गई.
सुर्खियां बटोरता स्वास्थ्य विभाग
हरदोई में रिश्वतखोरी व भृष्टाचार के चलते हरदोई स्वास्थ्य महकमा आए दिन सुर्खियों में बना रहता है. इससे पहले भी मेडिकल कॉलेज से गर्भवती को लौटाने का मामला सामने आ चुका है. वहीं इस बार सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बिलग्राम का मामला आया है.
रीशेन्द्र ने रिश्वत की बातचीत का बनाया वीडियो
घटना के संबंध में रीशेन्द्र ने स्टाफ के द्वारा मांगी गई रिश्वत का वीडियो भी बनाया. जिसमे पैसों के लेनदेन की बातचीत भी शामिल हुई है. जिसे रीशेन्द्र के द्वारा जिलाधिकारी, एसपी, और सीएमओ से पूरे प्रकरण की शिकायत की है. जिस पर सीएमओ राजेश तिवारी के द्वारा टीम का गठन किया गया है. जांच कर कार्रवाई करने का आश्वासन दिया गया है.
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FIRST PUBLISHED : May 28, 2023, 21:27 IST









