कौशाम्बी– केंद्र सरकार के 12 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में शुक्रवार को मंझनपुर सभागार में “खेत बचाओ एवं समेकित जन कल्याण एवं जन जागरूकता अभियान” के तहत प्राकृतिक खेती कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में प्रदेश की पशुधन एवं दुग्ध विकास राज्यमंत्री तथा जनपद की प्रभारी मंत्री कृष्णा पासवान मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुईं।
कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ। इसके बाद प्रभारी मंत्री ने विभिन्न विभागों द्वारा लगाए गए स्टॉलों का निरीक्षण किया और किसानों से संवाद कर प्राकृतिक खेती को अपनाने का आह्वान किया। कार्यशाला में कृषि विशेषज्ञों ने किसानों को प्राकृतिक खेती की तकनीक, फसल प्रबंधन, जल संरक्षण तथा इसके दीर्घकालिक लाभों की विस्तृत जानकारी दी। किसानों को संबोधित करते हुए प्रभारी मंत्री कृष्णा पासवान ने कहा कि सरकार किसानों की आय बढ़ाने और कृषि को आत्मनिर्भर बनाने के लिए लगातार प्रयासरत है। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के तहत पात्र किसानों को प्रतिवर्ष छह हजार रुपये की आर्थिक सहायता सीधे उनके बैंक खातों में भेजी जा रही है। साथ ही किसान ऋण माफी, कृषि यंत्रों पर अनुदान, निःशुल्क बीज वितरण तथा अन्य योजनाओं के माध्यम से किसानों को लाभान्वित किया जा रहा है। कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष ने प्राकृतिक खेती के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि यह खेती की लागत कम करने, भूमि की उर्वरता बढ़ाने, पर्यावरण संरक्षण तथा मानव स्वास्थ्य के लिए अत्यंत लाभकारी है। वहीं भाजपा जिलाध्यक्ष ने किसानों से रसायन मुक्त एवं टिकाऊ कृषि पद्धतियों को अपनाने की अपील की। कार्यक्रम के अंत में किसानों ने प्राकृतिक खेती से जुड़े विभिन्न विषयों पर विशेषज्ञों से सवाल पूछे, जिनका विस्तार से उत्तर दिया गया। किसानों ने ऐसी कार्यशालाओं को खेती के लिए उपयोगी बताते हुए सरकार के प्रयासों की सराहना की।








