
निखिल स्वामी/ बीकानेर. बीकानेर का नमकीन का स्वाद के दीवाने तो पूरी दुनिया में है. यहां एक से बढ़कर एक नमकीन के आइटम मिलते है. कई आइटम तो ऐसे है कि यह नमकीन के आइटम पूरे साल चलते हैं. सर्दी हो या गर्मी इनके स्वाद के दीवाने सारी जगह हैं. हम बात कर रहे हैं बीकानेर के चावल के बने खिचिया (पापड़) की. बीकानेर के आचार्यों के चौक और बड़े बाजार में खिचिया की दुकानें लगती है. यह दुकानें दोपहर में लगनी शुरू हो जाती है जो देर रात तक खुली रहती है. यहां खिचिया एक से दो फीट का खिचिया मिलता है. जिसको खाने के लिए पूरा शहर उमड़ता है. यही नहीं यह पापड़ विदेशों तक में मशहूर है.
दुकानदार महेश आचार्य ने बताया कि बीकानेर के चावल के बने खिचिया का स्वाद सबसे अलग है. यहां एक खिचिया 10 रुपए में मिलता है. रोजाना 100 से 150 खिचिया शहरवासी खा जाते है. शहरवासी इन खीचियो को किसी भी समय खाते है. ज्यादातर तो इस खिचिया को खाने के साथ या खाने के बाद खाया जाता है.
बनने में लगता है पूरा दिन, 15 सेकंड सिकता
महेश ने बताया कि खिचिया बनने में पूरा दिन लगता है. इस खिचिया को सिकने में 15 सेकेंड का समय लगता है. खिचिया बनाने में चावल का उपयोग होता है. पहले चावल को उबाल कर फिर पीस कर स्वाद के अनुसार जीरा और नमक डाला जाता है. साथ में खार भी डाली जाती है. फिर इसको धूप में सूखते है, सूखने के बाद उसको तेल में तलकर खाया जाता है.
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FIRST PUBLISHED : June 21, 2023, 16:57 IST






