
हाइलाइट्स
माइक्रोसॉफ्ट ने कंफर्म किया है कि इस महीने हुए आउटेज का कारण साइबर अटैक था.
ग्राहकों के डेटा के साथ किसी तरह का समझौता होने की बात सामने नहीं आई है.
माइक्रोसॉफ्ट की सर्विस इस साल में कई बार डाउन हो चुकी है, और इस महीने की शुरुआत में भी इसके प्रभावित होने के कारण यूज़र्स को परेशानी का सामना करना पड़ा. उस समय सर्विस ठप होने का सही कारण नहीं मालूम हुआ था, लेकिन अब माइक्रोसॉफ्ट ने खुद इसकी जानकारी दी है. दिग्गज कंपनी ने बताया कि इस महीने के शुरुआती कुछ दिनों में कंपनी की कुछ सेवाओं को प्रभावित करने वाले आउटेज साइबर अटैक की वजह से हुए थे.
साथ ही ये भी बताया गया है कि इसमें किसी भी ग्राहक का डेटा एक्सेस या समझौता होने का कोई प्रूफ नहीं मिला है. कंपनी ने अपने ब्लॉग पोस्ट में कहा, ‘जून 2023 की शुरुआत में, Microsoft ने कुछ सेवाओं के ट्रैफिक में वृद्धि देखी थी, जो अस्थायी रूप से उपलब्धता को प्रभावित करती हैं’.
Microsoft ने कहा कि उसने एक जांच शुरू की और खतरे की पहचान करने के बाद स्टॉर्म-1359 के रूप में संदर्भित खतरे वाले DDoS एक्टिविटी पर नज़र रखना शुरू किया. हालांकि Microsoft ने रॉयटर्स के एक रिक्वेस्ट का तुरंत जवाब नहीं दिया कि क्या कंपनी ने हमले के लिए जिम्मेदार पार्टी की पहचान की थी.
DDoS अटैक टारगेट किए गए सर्वर पर भारी मात्रा में ट्रैफिक भेजते हैं, ताकि उन्हें ऑफलाइन किया जा सके. बता दें कि Microsoft का 365 सॉफ्टवेयर सूट, जिसमें टीम्स और आउटलुक शामिल हैं, 5 जून को हजारों से ज़्यादा यूज़र्स के लिए दो घंटे से ज़्यादा समय तक बंद रहा.
सप्ताह भर हमले जारी रहे, Microsoft ने 9 जून को इस बात की पुष्टि की कि इसका एज़्योर क्लाउड कंप्यूटिंग प्लेटफॉर्म प्रभावित हुआ था. फिर बाद में 8 जून को, कंप्यूटर सिक्योरिटी न्यूज़ साइट BleepingComputer.कॉम ने बताया कि क्लाउड-बेस्ड वनड्राइव फाइल-होस्टिंग कुछ समय के लिए ग्लोबल लेवल पर ठप हो गई थी. हैरान करने वाली बात ये है कि एक साल में माइक्रोसॉफ्ट के लिए यह चौथा ऐसा आउटेज था.
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FIRST PUBLISHED : June 18, 2023, 10:36 IST






