Janjgir-Champa News : रेत-गिट्टी के अवैध उत्खनन व परिवहन पर बड़ी कार्रवाई, 12 गाड़ी जब्त, लोगों में मचा हड़कंप


लखेश्वर यादव/जांजगीर चाम्पा. जिले में कलेक्टर के निर्देश पर जिला खनिज उड़नदस्ता दल टीम ने जिले के बलौदा तहसील में पहरिया ,बलौदा , पंतोरा, केराकछार, देवरी अंतर्गत खनिज परिवहन करने वाले वाहनों की सघन जांच की. जिसमे खनिज रेत, गिट्टी , मिट्टी ईंट के कुल 12 वाहनों पर कार्रवाई की गयी है. जिसमे से 4 ट्रेलर वाहन, 1 ट्रैक्टर खनिज गिट्टी के 1हाइवा वाहन और 4 ट्रेक्टर वाहन खनिज रेत के जब्त कर बलोदा थाना मे सुरक्षार्थ खड़ा किया गया है. पंतोरा थाना अंतर्गत 1 ट्रेक्टर वाहन खनिज मिट्टी ईंट को जब्त किया गया है. जिसे सुरक्षार्थ पंतोरा थाना में खड़ा किया गया है.

केराकछार रेत खदान को भी अनियमितता के सम्बन्ध में नोटिस जारी किया गया है. देवरी मे अवैध रूप से संचालित रेत घाट में 1 चैन माउंटेन मशीन को भी सील किया गया है. सभी वाहन मालिकों के विरुद्ध खान एवं खनिज अधिनियम (विकास एवं विनियमन) एवं छत्तीसगढ गौण खनिज नियम 2015 के तहत कार्रवाई की गई है.

अवैध खनन पर जारी रहेगी कार्रवाई
जिले के खनिज निरीक्षक आदित्य मानकर ने बताया कि बलौदा तहसील में लगातार अवैध उत्खनन और परिवहन के संबंध में शिकायत मिल रही थी. जिस पर पहरिया ,बलौदा, पंतोरा, केराकछार, देवरी अंतर्गत खनिज परिवहन करने वाले वाहनों की सघन जांच की गई. जिसमे कुल 12 वाहनों पर कार्यवाही की गयी है. इसमें 1 चैन माउंटेन मशीन समेत 4 ट्रेलर 1 हाइवा और 6 ट्रेक्टर जब्त किया गया है. सभी वाहनों को बलोदा एवं पंतोरा थाना मे सुरक्षार्थ खड़ा किया गया है. ये कार्रवाई निरंतर जारी रहेगी.

Tags: Chhattisgarh news, Local18

Source link

Jagran Times
Author: Jagran Times

Leave a Comment

Read More

उत्तर प्रदेश के बांदा निवासी 9 वर्षीय पुत्र ने वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाया 2 मिनट में 200 देश के झंडे पहचान कर बताने वाला पार्थ झा नमक बच्चों ने इंटरनेशनल बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में अपना नाम दर्ज कराया है माता-पिता वर्तमान में मुंबई में रहते हैं डॉक्टर जे विक्रम चाइल्ड स्पेशलिस्ट चाइल्ड केयर नर्सिंग होम के मालिक मामा है मामा जी ने एक प्रेस वार्ता के दौरान बताया कि उनका भांजा पार्थ झा ने 2 मिनट में 200 देश के फ्लैग पहचान कर बताने में महारत हासिल की है महाराष्ट्र राज्य में स्थित संस्था ने गोल्ड मेडल और एक प्रमाण पत्र दिया है इस वक्त उसका नाम इंटरनेशनल बुक ऑफ़ रिकार्ड्स मैं दर्ज किया गया है भांजा और बहन पार्थझा मां जयश्री पिता अशोक झा बांदा के रहने वाले हैं हालांकि इसमें कोई शक नहीं है इतनी कम उम्र में 200 देश के झंडों का पहचान करना यह एक चमत्कार ही है दिमाग इस बच्चे का कंप्यूटर की तरह कार्य कर रहा है बांदा का लाल मुंबई में रहकर नाम पैदा कर रहा है सिर्फ बांदा भर का नहीं पूरे विश्व में भारत का नाम ऊंचा किया